बागेश्वर। डीएम रंजना राजगुरु ने कलक्ट्रेट में अधिकारियों की बैठक लेकर उन्होंने राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस की तैयारी के लिए विभागीय अधिकारियों को जरूरी निर्देश दिए। बताया कि 10 फरवरी को कृमि दिवस के अवसर पर एक से 19 वर्ष तक के सभी बच्चों को एल्बेंडाजॉल की दवा खिलाएं। इस दिन यदि कोई दवा खाने से छूट जाता है तो उसे 17 फरवरी को अनिवार्य रूप से दवा खिलाएं।
उन्होंने सीईओ को सभी सरकारी और गैर सरकारी विद्यालयों में प्रार्थना सभा के दौरान इसकी जानकारी देने को कहा। डीएम ने बताया कि कृमि संक्रमण के कारण बच्चों में खून की कमी, कुपोषण, शारीरिक, मानसिक विकास में अवरोध उत्पन्न होता है। कृमि नियंत्रण की दवा खिलाने से खून की कमी में सुधार, पोषण का स्तर बेहतर होता है। कृमि संक्रमण से बच्चों के पेट में दर्द, उल्टी, दस्त, वजन कम होने के लक्षण दिखाई देते हैं। एल्बेंडाजॉल कृमि नियंत्रण के लिए बच्चों और वयस्क दोनों के लिए सुरक्षित दवा है। एसीएमओ डॉ. बीके सक्सेना ने बताया कि एक से तीन वर्ष तक के बच्चों को एल्बेंडाजॉल की आधी गोली और तीन से 19 वर्ष तक के बच्चों को पूरी गोली खिलाई जानी है। बैठक में प्रभारी सीडीओ केएन तिवारी, सीईओ नरेश शर्मा, परियोजना निदेशक डीआरडीए शिल्पी पंत, ईई यूपीसीएल भाष्करानंद पांडेय, जिला समाज कल्याण अधिकारी एनएस गस्याल, जिला कार्यक्रम अधिकारी बाल विकास राजेंद्र प्रसाद बिष्ट आदि रहे।