{"_id":"65a977cb60e6f37cc70adc54","slug":"excise-act-culprit-sentenced-to-fine-bageshwar-news-c-231-1-shld1005-3777-2024-01-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bageshwar News: आबकारी अधिनियम के दोषी को अर्थदंड की सजा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bageshwar News: आबकारी अधिनियम के दोषी को अर्थदंड की सजा
Fri, 19 Jan 2024 12:41 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
संवाद न्यूज एजेंसी, बागेश्वर
Updated Fri, 19 Jan 2024 12:41 AM IST
विज्ञापन
प्रतीकात्मक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बागेश्वर। सत्र न्यायाधीश ऐश्वर्या बोरा की अदालत ने आबकारी अधिनियम के दोषी को 5000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया। अर्थदंड जमा नहीं करने पर उसे सात दिन का साधारण कारावास भोगना होगा।
कथानक के अनुसार 27 नवंबर 2020 को कोतवाली पुलिस और एसओजी टीम ने बालीघाट तिराहे पर चेकिंग के दौरान पिकअप (यूके02 सीए 0311) को रोका तो वाहन में 150 पेटी शराब भरी थी। पूछताछ में चालक नारायण सिंह भंडारी निवासी बिलौना ने बताया कि वह एफएलटू के गोदाम से भराड़ी में शराब की दुकान के लिए ले जा रहा है। शराब हेम सिंह दफौटी, निवासी बिलौना ने भरवाई है और वह कागज लेकर आ रहा है। पुलिस ने शराब के कागज नहीं होने पर चालक को गिरफ्तार किया और कोतवाली लाए। दूसरे आरोपी हेम सिंह को भी गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के खिलाफ धारा 60/72 आबकारी अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले की विवेचना के बाद न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किए। अभियोजन पक्ष की ओर से मामले की पैरवी करते हुए नामिका अधिवक्ता नंद किशोर भट्ट ने नौ गवाह पेश कराए। न्यायालय ने माना कि शराब को ले जाने के रवन्ने जारी थे लेकिन जब शराब पकड़ी गई तो चालक के पास शराब परिवहन कराने का परमिट नहीं था। दोषी को धारा 60 की बजाय धारा 64 में सजा सुनाई। न्यायालय ने दूसरे आरोपी को दोषमुक्त किया।
विज्ञापन
कथानक के अनुसार 27 नवंबर 2020 को कोतवाली पुलिस और एसओजी टीम ने बालीघाट तिराहे पर चेकिंग के दौरान पिकअप (यूके02 सीए 0311) को रोका तो वाहन में 150 पेटी शराब भरी थी। पूछताछ में चालक नारायण सिंह भंडारी निवासी बिलौना ने बताया कि वह एफएलटू के गोदाम से भराड़ी में शराब की दुकान के लिए ले जा रहा है। शराब हेम सिंह दफौटी, निवासी बिलौना ने भरवाई है और वह कागज लेकर आ रहा है। पुलिस ने शराब के कागज नहीं होने पर चालक को गिरफ्तार किया और कोतवाली लाए। दूसरे आरोपी हेम सिंह को भी गिरफ्तार किया गया। आरोपियों के खिलाफ धारा 60/72 आबकारी अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया। पुलिस ने मामले की विवेचना के बाद न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किए। अभियोजन पक्ष की ओर से मामले की पैरवी करते हुए नामिका अधिवक्ता नंद किशोर भट्ट ने नौ गवाह पेश कराए। न्यायालय ने माना कि शराब को ले जाने के रवन्ने जारी थे लेकिन जब शराब पकड़ी गई तो चालक के पास शराब परिवहन कराने का परमिट नहीं था। दोषी को धारा 60 की बजाय धारा 64 में सजा सुनाई। न्यायालय ने दूसरे आरोपी को दोषमुक्त किया।
विज्ञापन