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भेटा गांव में नहीं है जातीय संघर्ष का माहौल : टम्टा
अमर उजाला ब्यूरो बागेश्वर
Updated Wed, 12 Oct 2016 11:27 PM IST
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भेटा में दलित युवक के घर पहुंचे केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा।
- फोटो : amar ujala
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केंद्रीय राज्य मंत्री अजय टम्टा बुधवार की सुबह भाजपा कार्यकर्ताओं के साथ भेटा गांव में मृतक दलित युवक सोहन राम के घर पहुंचे। उन्होंने मृतक की पत्नी मीना देवी एवं परिवारजनों को सांत्वना दी। टम्टा ने घटना को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए पीड़ित परिवार को हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया। भेटा करड़िया से लौटने के बाद केंद्रीय मंत्री ने फोन पर बताया कि यह घटना बेहद दुखद थी। परंतु वहां पर हालात पूरी तरह से सामान्य हैं। गांव में कहीं भी उन्हें जातीय संघर्ष देखने को नहीं मिला।
उन्होंने बताया कि पीड़ित परिवार को समाज कल्याण के माध्यम से जो 5.62 लाख रुपये की धनराशि दी गई है उसमें आधी धनराशि केंद्र सरकार की है। उन्होंने कहा कि पार्टी की ओर से भी पीड़ित परिवार को हरसंभव मदद दी जाएगी। इस मामले में किसी भी स्तर पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। सभी को कानून पर भरोसा रखना चाहिए। उनके साथ पूर्व मंत्री बलवंत भौर्याल, भाजपा जिलाध्यक्ष उमा बिष्ट, पूर्व विधायक शेर सिंह गड़िया, मनोहर राम, भगवान भंडारी, राजू उपाध्याय आदि शामिल थे।
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उन्होंने बताया कि पीड़ित परिवार को समाज कल्याण के माध्यम से जो 5.62 लाख रुपये की धनराशि दी गई है उसमें आधी धनराशि केंद्र सरकार की है। उन्होंने कहा कि पार्टी की ओर से भी पीड़ित परिवार को हरसंभव मदद दी जाएगी। इस मामले में किसी भी स्तर पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। सभी को कानून पर भरोसा रखना चाहिए। उनके साथ पूर्व मंत्री बलवंत भौर्याल, भाजपा जिलाध्यक्ष उमा बिष्ट, पूर्व विधायक शेर सिंह गड़िया, मनोहर राम, भगवान भंडारी, राजू उपाध्याय आदि शामिल थे।
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