{"_id":"5bbe3d48867a5528592c6526","slug":"agitators-returning-from-delhi-with-confidence-of-action-soon","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिल्ली से जल्द कार्यवाही के भरोसा के साथ लौटे आंदोलनकारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिल्ली से जल्द कार्यवाही के भरोसा के साथ लौटे आंदोलनकारी
अमर उजाला ब्यूरो, बागेश्वर।
Updated Wed, 10 Oct 2018 11:26 PM IST
विज्ञापन
रेल मंत्री को ज्ञापन देते रेल आंदोलनकारी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
रेलमंत्री ने आंदोलनकारियों को टनकपुर-बागेश्वर रेल लाइन निर्माण जल्द शुरू करवाने का भरोसा दिया है। रेलमार्ग को लेकर सर्वे कराया जाएगा। इसके बाद रेल आंदोलनकारी दिल्ली से वापस लौट आए हैं। इधर, मांग को लेकर बागेश्वर में चल रहा अनशन भी जारी रहा।
बुधवार शाम रेलमंत्री ने आंदोलनकारियों और जनप्रतिनिधियों से वार्ता की। इस दौरान केंद्रीय राज्यमंत्री अजय टम्टा, पूर्व सीएम और नैनीताल सांसद भगत सिंह कोश्यारी, विधायक चंदन राम दास, संघर्ष समिति ने एडवोकेट गोविंद भंडारी और खड़क राम आर्या ने रेल मार्ग को स्वीकृति का मुद्दा उठाया। कहा कि ब्रिटिश काल में प्रस्तावित रेल मार्ग का अब तक सर्वे भी नहीं हो पाया है। राष्ट्रीय परियोजना में शामिल करने केे बाद भी मामला ठंडे बस्ते में पड़ा है। उन्होंने जल्द से जल्द मार्ग निर्माण की मांग दोहराई। रेलमंत्री ने मार्ग के जल्द निर्माण का समर्थन करते हुए कार्रवाई को तेजी से आगे बढ़ाने का भरोसा दिया। इधर, आंदोलनकारियों के दिल्ली कूच और रेल मंत्री से वार्ता के बीच बागेश्वर में अनशन जारी रहा। अनशनकारियों ने रेल मार्ग निर्माण शुरू होने तक संघर्ष जारी रखने का इरादा जताया।
विज्ञापन
बुधवार शाम रेलमंत्री ने आंदोलनकारियों और जनप्रतिनिधियों से वार्ता की। इस दौरान केंद्रीय राज्यमंत्री अजय टम्टा, पूर्व सीएम और नैनीताल सांसद भगत सिंह कोश्यारी, विधायक चंदन राम दास, संघर्ष समिति ने एडवोकेट गोविंद भंडारी और खड़क राम आर्या ने रेल मार्ग को स्वीकृति का मुद्दा उठाया। कहा कि ब्रिटिश काल में प्रस्तावित रेल मार्ग का अब तक सर्वे भी नहीं हो पाया है। राष्ट्रीय परियोजना में शामिल करने केे बाद भी मामला ठंडे बस्ते में पड़ा है। उन्होंने जल्द से जल्द मार्ग निर्माण की मांग दोहराई। रेलमंत्री ने मार्ग के जल्द निर्माण का समर्थन करते हुए कार्रवाई को तेजी से आगे बढ़ाने का भरोसा दिया। इधर, आंदोलनकारियों के दिल्ली कूच और रेल मंत्री से वार्ता के बीच बागेश्वर में अनशन जारी रहा। अनशनकारियों ने रेल मार्ग निर्माण शुरू होने तक संघर्ष जारी रखने का इरादा जताया।
विज्ञापन