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पेयजल योजनाओं पर भारी पड़ रही है नई सड़कें, कई जगह पाइप क्षतिग्रस्त
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सिमोली के पास क्षतिग्रस्त ऋषिगाड़ पेयजल योजना के पाइप। संवाद न्यूज एजेंसी
- फोटो : RANIKHET
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रानीखेत (अल्मोड़ा)। सिमोली-गैरड़-थकुलाड़ी मोटर मार्ग लोगों के लिए सिर का दर्द बन गया है। अतिवृष्टि के चलते पीलर आदि ध्वस्त होने के कारण ऋषिगाड़ पेयजल पंपिंग योजना के पाइप क्षतिग्रस्त हो गए हैं।
जिसके चलते ताड़ीखेत क्षेत्र की पेयजल समस्या गहरा गई है। ग्रामीणों का कहना है कि जगह-जगह अवैध खनन के चलते इस तरह की समस्या आ रही है। न तो सड़क बनाने वाली कंपनी समस्या सुन रही है और ना ही जल संस्थान।
सिमोली-गैरड़-थकुलाड़ी मोटर मार्ग पर इन दिनों सोलिंग का कार्य चल रहा है, लेकिन निर्माण कार्य में खामियों की शिकायतें आए दिन आ रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क एक बरसात भी नहीं झेल पाई है।
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इसी सड़क के किनारे से ऋषिगाड़ पेयजल पंपिंग योजना के पाइप गुजर रहे हैं। सड़क का मलबा आने से पाइप लाइन क्षतिग्रस्त हो चुकी है। सामाजिक कार्यकर्ता दीपक ठाकुर ने बताया कि सड़क पर कई जगह अवैैध कटान हो रहा है।
निजी और सरकारी भूमि पर मलबे को बेतरतीब ढंग से फेंका जा रहा है। जिस कारण सड़क की हालत बिगड़ चुकी है। उन्होंने कहा कि वापकोस कंपनी इस सड़क का निर्माण करा रही है। उन्हें भी सड़क की बदहाल के बारे में बताया गया, जल संस्थान को भी सूचना दी गई, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई है।
पांच दिनों से सड़क के मलबे से पेयजल योजना की पाइप लाइन ध्वस्त हुई है। बैना गधेरे के पास भी योजना को क्षति पहुंची है। एक जगह से पाइप लाइन जोड़ दी गई है। दूसरे स्थान पर भी वैकल्पिक व्यवस्था बनाई जाएगी। इसके बाद इस्टीमेट बनाकर निर्माणाधीन कंपनी को भेजा जाएगा।
-संदीप कुमार, जेई जल संस्थान रानीखेत।
फोटो: 22 आरकेटी 01पी:
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जिसके चलते ताड़ीखेत क्षेत्र की पेयजल समस्या गहरा गई है। ग्रामीणों का कहना है कि जगह-जगह अवैध खनन के चलते इस तरह की समस्या आ रही है। न तो सड़क बनाने वाली कंपनी समस्या सुन रही है और ना ही जल संस्थान।
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सिमोली-गैरड़-थकुलाड़ी मोटर मार्ग पर इन दिनों सोलिंग का कार्य चल रहा है, लेकिन निर्माण कार्य में खामियों की शिकायतें आए दिन आ रही हैं। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क एक बरसात भी नहीं झेल पाई है।
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इसी सड़क के किनारे से ऋषिगाड़ पेयजल पंपिंग योजना के पाइप गुजर रहे हैं। सड़क का मलबा आने से पाइप लाइन क्षतिग्रस्त हो चुकी है। सामाजिक कार्यकर्ता दीपक ठाकुर ने बताया कि सड़क पर कई जगह अवैैध कटान हो रहा है।
निजी और सरकारी भूमि पर मलबे को बेतरतीब ढंग से फेंका जा रहा है। जिस कारण सड़क की हालत बिगड़ चुकी है। उन्होंने कहा कि वापकोस कंपनी इस सड़क का निर्माण करा रही है। उन्हें भी सड़क की बदहाल के बारे में बताया गया, जल संस्थान को भी सूचना दी गई, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई है।
पांच दिनों से सड़क के मलबे से पेयजल योजना की पाइप लाइन ध्वस्त हुई है। बैना गधेरे के पास भी योजना को क्षति पहुंची है। एक जगह से पाइप लाइन जोड़ दी गई है। दूसरे स्थान पर भी वैकल्पिक व्यवस्था बनाई जाएगी। इसके बाद इस्टीमेट बनाकर निर्माणाधीन कंपनी को भेजा जाएगा।
-संदीप कुमार, जेई जल संस्थान रानीखेत।
फोटो: 22 आरकेटी 01पी: