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चौखुटिया में लावारिस जानवरों को पकड़ने की मांग
ब्यूरो/अमर उजाला ब्यूरो, चौखुटिया (अल्मोड़ा)।
Updated Tue, 03 Jan 2017 11:12 PM IST
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चौखुटिया में लावारिस जानवरों को पकड़ने की मांग
- फोटो : अमर उजाला
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चौखुटिया (अल्मोड़ा)। ग्राम पंचायत भटकोट के ग्रामीणों ने लावारिस पशुओं से निजात दिलाने की मांग को लेकर चौखुटिया-रामनगर मोटर मार्ग के भटकोट में चक्काजाम कर दिया। इस दौरान दोनों तरफ वाहनों की लंबी कतार लग गई। तहसीलदार और एसओ से हुई वार्ता के बाद सवा चार घंटे बाद जाम खोला गया।
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ग्रामीणों को लावारिस पश्ुाओं को दो दिन के भीतर गौ सदन भेजने का आश्वासन दिया गया है। बंदर और सुअरों के बाद लावारिस गाय और अन्य पशुओं ने खेती को पूरी तरह से चौपट कर दिया है। जिससे कृषकों के लिए कई तरह की समस्या पैदा हो गई है। आक्रोशित ग्राम पंचायत भटकोट के ग्रामीणों ने लावारिस पशुओं से निजात दिलाने की मांग को लेकर चौखुटिया-रामनगर मोटर मार्ग के भटकोट के पास सुबह दस बजे से चक्काजाम कर दिया।
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बाद में लावारिस गायों को दो दिन के भीतर गौशाला भेजने के प्रशासन के आश्वासन पर करीब सवा चार घंटे बाद सवा दो बजे जाम खोल दिया गया। मौके पर पहुंचे नायब तहसीलदार ओमवीर सिंह ने ग्रामीणों से वार्ता करने के साथ ही उनकी बात फोन पर एसडीएम से भी कराई। इस दौरान थानाध्यक्ष धीरेंद्र कुमार पंत भी पुलिस बल के साथ लोगों को समझाते रहे।
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लोगों का कहना था कि कई बार के अनुरोध के बावजूद उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई जिस कारण उन्हें चक्का जाम करने को मजबूर होना पड़ा। चक्काजाम कर विरोध जताने वालों में ग्राम प्रधान राजेंद्र सिंह, महेंद्र मनराल, सदानंद पांडे, गोपाल बिष्ट, गिरीश तिवारी, मनीराम, दिनेश बिष्ट, रमेश तिवारी, भगवत रौतेला, सोनी तिवारी, बसंती देवी, कमला, धर्मा, सावित्री, धना सहित तमाम ग्रामीण शामिल थे।
चौखुटिया (अल्मोड़ा)। चक्काजाम के दौरान ग्रामीण अपने साथ 22 लावारिस गायों को भी लाए थे जिन्हें वालीबॉल मैदान के अंदर रखा गया था। समझौते के अनुसार गायों को गौ सदन भेजे जाने तक इनके घास और चारे की व्यवस्था प्रशासन और ग्रामीण मिलकर करेंगे।