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पौधारोपण को दुर्गड़िया के जंगल में ग्रामीणों ने खोदे पांच सौ गड्ढे
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सोमेश्वर (अल्मोड़ा)। पिछले चार साल से ग्राम पंचायत अर्जुनराठ और भानाराठ के युवा मेरा गांव-मेरा जंगल अभियान चला रहे हैं। गांव के स्वयं सेवक दुर्गड़िया के जंगल में साढ़े तीन हजार से अधिक पौधों का रोपण कर चुके हैं। दस जुलाई को पौधरोपण के लिए स्वयं सेवकों ने दुर्गड़िया के जंगल में पांच सौ गड्ढे तैयार कर लिए हैं। जिनमें चौड़ी पत्ती प्रजाति के पौधे रोपे जाएंगे।
अर्जुनराठ और भानाराठ के युवा जल, जंगल, जमीन के संरक्षण के लिए आगे आए हैं। युवाओं ने मेरा गांव-मेरा जंगल अभियान 2017 में शुरू किया था। स्वयं के प्रयासों से यह युवा दुर्गड़िया के जंगल में अब तक साढ़े तीन हजार पौधे लगा चुके हैं। 10 जलाई को पौधारोपण के लिए युवा इन दिनों दुर्गड़िया के जंगल में गड्ढे खोदने के अभियान में जुटे हैं।
पौधे लगाने के लिए अब तक 500 गड्ढे खोद चुके हैं। युवाओं का कहना है कि वह जंगल में पौधे लगा रहे हैं, लेकिन पौधों की सुरक्षा के लिए वन विभाग और प्रशासन से दीवार बंदी अथवा तारबाड़ करने की मांग कर चुके हैं, लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस पर युवाओं ने नाराजगी जताई है।
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अर्जुनराठ और भानाराठ के युवा जल, जंगल, जमीन के संरक्षण के लिए आगे आए हैं। युवाओं ने मेरा गांव-मेरा जंगल अभियान 2017 में शुरू किया था। स्वयं के प्रयासों से यह युवा दुर्गड़िया के जंगल में अब तक साढ़े तीन हजार पौधे लगा चुके हैं। 10 जलाई को पौधारोपण के लिए युवा इन दिनों दुर्गड़िया के जंगल में गड्ढे खोदने के अभियान में जुटे हैं।
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पौधे लगाने के लिए अब तक 500 गड्ढे खोद चुके हैं। युवाओं का कहना है कि वह जंगल में पौधे लगा रहे हैं, लेकिन पौधों की सुरक्षा के लिए वन विभाग और प्रशासन से दीवार बंदी अथवा तारबाड़ करने की मांग कर चुके हैं, लेकिन कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इस पर युवाओं ने नाराजगी जताई है।
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