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ग्रामीण मजदूरों के सामने रोजीरोटी का संकट
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राशन के लिए कलक्ट्रेट पहुंचे घुरसों के ग्रामीण।
- फोटो : AMAR UJALA
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संवाद न्यूज़ एजेंसी
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अल्मोड़ा। लॉकडाउन में काम नहीं होने से ग्रामीण इलाकों में मजदूरी पर निर्भर रहने वाले गरीब परिवारों में रोटी का संकट पैदा हो गया है। मंगलवार को घुरसों गाँव के गरीब परिवार के सदस्य राशन के लिए कलक्ट्रेट पहुँचे और जिला प्रशासन से राशन की मांग करने लगे।
जॉब कार्ड धारक घुरसों निवासी बलदेव, हरीश आर्या, दीवान राम और किशन राम ने बताया कि वह सुबह पैदल गाँव से कलक्ट्रेट राशन के लिए पहुँचे। जब उन्हें बताया गया कि यहां रोटी बैंक के माध्यम से भोजन मिलेगा, राशन नहीं तो वे लोग निराश हो गए।
दीवान राम ने बताया कि गाँव में 55- 56 परिवार रहते हैं, जिनमें अधिकतर मजदूरी कर पेट पालते हैं। लॉकडाउन के समय काम नहीं होने के कारण उनके पास पैसे की कमी हो गई है। परिवार में बच्चे भी है जिनको खाना नहीं मिल रहा है। गाँव में छोटी सी दुकान है लेकिन पर्याप्त राशन नहीं है, ऊपर से पैसे नहीं हैं तो दिक्कत बढ़ गयी है।
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दिवान राम ने बताया कि अल्मोड़ा में राशन मिलने की सूचना पर वह लोग यहाँ आये हैं। कलक्ट्रेट के कर्मचारियों ने उन्हें बताया कि नगर में रोटी बैंक है आप वहाँ भोजन ले सकते है लेकिन राशन की व्यवस्था नहीं है।
इधर, एसडीएम सीमा विश्वकर्मा ने बताया कि किसी को भूखा नहीं रखा जाएगा। कंट्रोल रूम में इन मजदूरों को नाम दर्ज कराना होगा और परिवार के सदस्यों की संख्या भी दर्ज करानी होगी। रोटी बैंक के माध्यम से इनको परिवार की संख्या के अनुरूप भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। .
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