{"_id":"5b84396c42c792465e1e967e","slug":"71535392108-almora-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"पदोन्नति प्रकरणों का निस्तारण करे शिक्षा विभाग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पदोन्नति प्रकरणों का निस्तारण करे शिक्षा विभाग
Updated Mon, 27 Aug 2018 11:18 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अल्मोड़ा। एजूकेशनल मिनिस्टीरियल आफिसर्स एसोसिएशन की बैठक में वक्ताओं ने बेसिक शिक्षा परिषद से राजकीय सेवा में विलीनीकरण के बारह साल बाद भी कर्मचारियों के पदोन्नति प्रकरणों का निस्तारण नहीं होने पर रोष जताया है। उनका कहना है कि इस संबंध न्यायालय ने भी आदेश जारी किए हैं।
वक्ताओं ने कहा कि उच्च न्यायालय ने करीब एक वर्ष पूर्व पदोन्नति देने के आदेश दिए थे, लेकिन अब तक विभाग ने कोई कार्रवाई नहीं की। न ही शासन कर्मचारियों की सुध ले रहा है। इससे कर्मचारियों को आर्थिक नुकसान हो रहा है। उन्होंने कहा कि निदेशालय के अधिकारियों द्वारा भी मात्र आश्वासन दिए जा रहे हैं, जबकि यह कर्मचारी सेवानिवृत्ति के निकट हैं। यदि समय रहते विभाग ने कर्मचारियों के हित में निर्णय नहीं लिया तो न्यायालय की शरण लेंगे।
उन्होंने कहा कि न्यायालय के आदेशों के क्रम में निदेशक ने सभी कार्मिकों को नियुक्त तिथि से ज्येष्ठता का लाभ देने के आादेश दिए हैं, किंतु अभी तक ज्येष्ठता के आधार पर मिनिस्ट्रीयल कर्मियों के अग्रेत्तर पदों पर पदोन्नति नहीं की गई है। मंडलीय अध्यक्ष जगमोहन खाती और सचिव धीरेंद्र कुमार पाठक ने कहा कि विभाग कर्मचारियों के लंबित प्रकरणों का त्वरित निस्तारण करे। जिलाध्यक्ष पुष्कर सिंह भैसोड़ा ने कहा कि सभी प्रकरण निस्तारित किए जाएं, अन्यथा आंदोलन किया जाएगा। बैठक में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संगठन के जिला मंत्री प्रहलाद सिंह, नरेंद्र नेगी, गोविंद रावत, नवीन चंद्र जोशी, महेंद्र सिंह शाही, महेंद्र भोज आदि मौजूद थे।
विज्ञापन
विज्ञापन
वक्ताओं ने कहा कि उच्च न्यायालय ने करीब एक वर्ष पूर्व पदोन्नति देने के आदेश दिए थे, लेकिन अब तक विभाग ने कोई कार्रवाई नहीं की। न ही शासन कर्मचारियों की सुध ले रहा है। इससे कर्मचारियों को आर्थिक नुकसान हो रहा है। उन्होंने कहा कि निदेशालय के अधिकारियों द्वारा भी मात्र आश्वासन दिए जा रहे हैं, जबकि यह कर्मचारी सेवानिवृत्ति के निकट हैं। यदि समय रहते विभाग ने कर्मचारियों के हित में निर्णय नहीं लिया तो न्यायालय की शरण लेंगे।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि न्यायालय के आदेशों के क्रम में निदेशक ने सभी कार्मिकों को नियुक्त तिथि से ज्येष्ठता का लाभ देने के आादेश दिए हैं, किंतु अभी तक ज्येष्ठता के आधार पर मिनिस्ट्रीयल कर्मियों के अग्रेत्तर पदों पर पदोन्नति नहीं की गई है। मंडलीय अध्यक्ष जगमोहन खाती और सचिव धीरेंद्र कुमार पाठक ने कहा कि विभाग कर्मचारियों के लंबित प्रकरणों का त्वरित निस्तारण करे। जिलाध्यक्ष पुष्कर सिंह भैसोड़ा ने कहा कि सभी प्रकरण निस्तारित किए जाएं, अन्यथा आंदोलन किया जाएगा। बैठक में चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संगठन के जिला मंत्री प्रहलाद सिंह, नरेंद्र नेगी, गोविंद रावत, नवीन चंद्र जोशी, महेंद्र सिंह शाही, महेंद्र भोज आदि मौजूद थे।
विज्ञापन