{"_id":"594d51dc4f1c1b5a0c8b45a3","slug":"191498239452-almora-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"डिजीटल होने जा रहे हैं अभिलेखागारों में धूल फांक रहे भू मानचित्र","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डिजीटल होने जा रहे हैं अभिलेखागारों में धूल फांक रहे भू मानचित्र
Updated Fri, 23 Jun 2017 11:07 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जमीन से संबंधित मानचित्र देख सकेंगे ऑनलाइन
अमित उप्रेती
अल्मोड़ा। डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड मॉडलाइजेशन प्रोग्राम के तहत अब राज्य में सभी जिलों के भू-मानचित्र जल्द ही ऑनलाइन हो जाएंगे। पायलट प्रोजेक्ट के तहत प्रदेश में पौड़ी और अल्मोड़ा मेें इसकी शुरुआत हो चुकी है। अल्मोड़ा जिले में इन दिनों भू मानचित्रों के डिजिटलाइजेशन का कार्य चल रहा है। जल्द ही लोगों को अपने जमीन से संबंधित मानचित्र ऑनलाइन देखने को मिल सकेंगे।
अभी तक भू मानचित्र अभिलेखागार के रिकॉर्ड रूम में धूल फांक रहे थे। कुछ नक्शे खराब होने की स्थिति में भी थे। डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड मॉडलाइजेशन प्रोग्राम के तहत भू मानचित्रों को अब डिजिटल किया जा रहा है। इसके बाद यह ऑनलाइन सुरक्षित रूप में रहेंगे। यही नहीं किसी भी व्यक्ति को अपनी जमीन की जानकारी लेने के लिए चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। अपनी जमीन की जानकारी ऑनलाइन ली जा सकेगी। उत्तराखंड सरकार ने पायलट प्रोजेक्ट के तहत पौड़ी, अल्मोड़ा में इसकी शुरुआत कर दी है। इस कार्य के लिए नोएडा की कंपनी को ठेका दिया गया है। मॉडलाइजेशन प्रोग्राम के तहत तहसील स्तर पर जिले के 17054 भू मानचित्रों को डिजिटल करने का काम शुरू हो गया है। पहले चरण में भू मानचित्रों की जांच के बाद स्क्रीनिंग हो चुकी है। अब डिजिटलाइजेशन का कार्य किया जा रहा है। इसमें सबसे पहले लमगड़ा तहसील के 950 भू मानचित्रों को डिजिटल करने का काम शुरू हो चुका है। डिजिटलाइजेशन के बाद भू-मानचित्र खतौनी से लिंक हो जाएंगे। विभिन्न चरणों में कार्य होने के बाद भू-मानचित्र जब भी डिजिटल हो जाएंगे, उन्हें वेबसाइट पर डाला जाएगा।
कोट...
- पायलट प्रोजेक्ट के तहत अल्मोड़ा में भू मानचित्रों के डिजिटलाइजेशन का काम शुरू हो चुका है। कई चरणों में काम पूरा होने के बाद सभी भू-मानचित्र ऑनलाइन हो जाएंगे और आम जनता को इसका लाभ मिल सकेगा।
विज्ञापन
- केएस टोलिया, अपर जिलाधिकारी, अल्मोड़ा।
विज्ञापन
अमित उप्रेती
अल्मोड़ा। डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड मॉडलाइजेशन प्रोग्राम के तहत अब राज्य में सभी जिलों के भू-मानचित्र जल्द ही ऑनलाइन हो जाएंगे। पायलट प्रोजेक्ट के तहत प्रदेश में पौड़ी और अल्मोड़ा मेें इसकी शुरुआत हो चुकी है। अल्मोड़ा जिले में इन दिनों भू मानचित्रों के डिजिटलाइजेशन का कार्य चल रहा है। जल्द ही लोगों को अपने जमीन से संबंधित मानचित्र ऑनलाइन देखने को मिल सकेंगे।
अभी तक भू मानचित्र अभिलेखागार के रिकॉर्ड रूम में धूल फांक रहे थे। कुछ नक्शे खराब होने की स्थिति में भी थे। डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड मॉडलाइजेशन प्रोग्राम के तहत भू मानचित्रों को अब डिजिटल किया जा रहा है। इसके बाद यह ऑनलाइन सुरक्षित रूप में रहेंगे। यही नहीं किसी भी व्यक्ति को अपनी जमीन की जानकारी लेने के लिए चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। अपनी जमीन की जानकारी ऑनलाइन ली जा सकेगी। उत्तराखंड सरकार ने पायलट प्रोजेक्ट के तहत पौड़ी, अल्मोड़ा में इसकी शुरुआत कर दी है। इस कार्य के लिए नोएडा की कंपनी को ठेका दिया गया है। मॉडलाइजेशन प्रोग्राम के तहत तहसील स्तर पर जिले के 17054 भू मानचित्रों को डिजिटल करने का काम शुरू हो गया है। पहले चरण में भू मानचित्रों की जांच के बाद स्क्रीनिंग हो चुकी है। अब डिजिटलाइजेशन का कार्य किया जा रहा है। इसमें सबसे पहले लमगड़ा तहसील के 950 भू मानचित्रों को डिजिटल करने का काम शुरू हो चुका है। डिजिटलाइजेशन के बाद भू-मानचित्र खतौनी से लिंक हो जाएंगे। विभिन्न चरणों में कार्य होने के बाद भू-मानचित्र जब भी डिजिटल हो जाएंगे, उन्हें वेबसाइट पर डाला जाएगा।
विज्ञापन
कोट...
- पायलट प्रोजेक्ट के तहत अल्मोड़ा में भू मानचित्रों के डिजिटलाइजेशन का काम शुरू हो चुका है। कई चरणों में काम पूरा होने के बाद सभी भू-मानचित्र ऑनलाइन हो जाएंगे और आम जनता को इसका लाभ मिल सकेगा।
विज्ञापन
- केएस टोलिया, अपर जिलाधिकारी, अल्मोड़ा।