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बंद रहा बेअसर, रोज की तरह खुले बाजार
फैजाबाद
Updated Mon, 28 Nov 2016 11:00 PM IST
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फैजाबाद-सोमवार को भारत बंद का नहीं रहा असर 11.25 मिनट पर खुली रही दुकाने।
- फोटो : अमर उजाला
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केंद्र सरकार की ओर से हजार और पांच सौ के नोट बंद किये जाने के खिलाफ विपक्ष का ‘भारत बंद’ शहर समेत समूचे जिले में पूरी तरह फ्लॉप हो गया। अलबत्ता व्यापारियों ने नोटबंदी के समर्थन व भारत बंद के विरोध में दो घंटे अधिक दुकानें खोलकर ताकत दिखाई।
हाल यह रहा कि जनता, व्यापारी-कारोबारी और छोटे दुकानदारों का सहयोग न पाने से आहत बंद के समर्थन में एकजुट हुआ विपक्ष सोमवार को दुकानें बंद कराने के लिए सड़क पर उतरने का साहस तक नहीं दिखा सका। आखिर तक ‘भारत बंद’ कराने में जुटी रही कांग्रेस भी सुबह पलटी मार गयी। सपा और बसपा के नेता तो विरोध करने के लिए सड़क पर भी नहीं उतरे।
भारत बंद के मसले पर एकजुट हुए विपक्ष को उस वक्त बड़ा झटका लगा, जब व्यापारियों ने रविवार को नोटबंदी के फैसले के पक्ष में और कालाधन-भ्रष्टाचार के खिलाफ उतर पड़ा। आम दिनों की तरह दो घंटे पूर्व प्रतिष्ठान खोल देने की घोषणा करने वाले नगर के व्यापारियों, दवा व्यवसाइयों ने अपना प्रतिष्ठान सुबह 10 बजे के बजाय आठ बजे से ही खोलना शुरू कर दिया था।
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मकबरा, चौक, रीडगंज, चजीरगंज और हसनू कटरा जैसे मुस्लिम बहुल इलाकों में भी उनके प्रतिष्ठान खुल गये। बाजारों में जाम लगता रहा। चौक के दुकानदार अमन जायसवाल, ग्राहक समर अब्बास और जमशेद सिंह का कहना था कि जिले में भारत बंद की हवा निकल गयी है। वहीं ग्रामीण इलाकों में भी बंद पूरी तरह से विफल रहा। बीकापुर, तारून, गोसाईगंज और रुदौली संवाद के अनुसार इन इलाकों में दुकानें पूरी तरह खुली रहीं।
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हाल यह रहा कि जनता, व्यापारी-कारोबारी और छोटे दुकानदारों का सहयोग न पाने से आहत बंद के समर्थन में एकजुट हुआ विपक्ष सोमवार को दुकानें बंद कराने के लिए सड़क पर उतरने का साहस तक नहीं दिखा सका। आखिर तक ‘भारत बंद’ कराने में जुटी रही कांग्रेस भी सुबह पलटी मार गयी। सपा और बसपा के नेता तो विरोध करने के लिए सड़क पर भी नहीं उतरे।
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भारत बंद के मसले पर एकजुट हुए विपक्ष को उस वक्त बड़ा झटका लगा, जब व्यापारियों ने रविवार को नोटबंदी के फैसले के पक्ष में और कालाधन-भ्रष्टाचार के खिलाफ उतर पड़ा। आम दिनों की तरह दो घंटे पूर्व प्रतिष्ठान खोल देने की घोषणा करने वाले नगर के व्यापारियों, दवा व्यवसाइयों ने अपना प्रतिष्ठान सुबह 10 बजे के बजाय आठ बजे से ही खोलना शुरू कर दिया था।
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मकबरा, चौक, रीडगंज, चजीरगंज और हसनू कटरा जैसे मुस्लिम बहुल इलाकों में भी उनके प्रतिष्ठान खुल गये। बाजारों में जाम लगता रहा। चौक के दुकानदार अमन जायसवाल, ग्राहक समर अब्बास और जमशेद सिंह का कहना था कि जिले में भारत बंद की हवा निकल गयी है। वहीं ग्रामीण इलाकों में भी बंद पूरी तरह से विफल रहा। बीकापुर, तारून, गोसाईगंज और रुदौली संवाद के अनुसार इन इलाकों में दुकानें पूरी तरह खुली रहीं।