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कर्मियों-शिक्षकों ने किया कार्यबहिष्कार, लोगों ने झेली सांसत

Wed, 29 Aug 2018 11:16 PM IST
Updated Wed, 29 Aug 2018 11:16 PM IST
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कर्मियों-शिक्षकों ने किया कार्यबहिष्कार, लोगों ने झेली सांसत
कर्मियों-शिक्षकों ने किया कार्य बहिष्कार, लोगों को परेशानी
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फैजाबाद। पुरानी पेंशन योजना लागू कराने की मांग को लेकर बुधवार को शिक्षणेत्तर कर्मियों समेत सभी विभागों के कर्मचारियों ने कार्य बहिष्कार कर दिया। जगह-जगह शिक्षकों ने समर्थन में कार्य नहीं किया। हालात यह रहे कि हड़ताल से कलक्ट्रेट, विकास भवन, कृषि भवन, अवध विवि, लोकनिर्माण विभाग, सिंचाई विभाग, नलकूप विभाग, जलनिगम समेत सभी सरकारी दफ्तरों में काम काज प्रभावित रहा।

इससे लोगों को परेशान होना पड़ा। दोपहर में सभी कर्मी एकजुट होकर दफ्तरों से बाहर निकल गए, तिकोनिया पार्क में धरना-प्रदर्शन कर हल हाल में पुरानी पेंशन योजना को लागू कराने का संकल्प लिया। तहसीलों पर भी काम काज ठप धरना दिया गया। कार्य बहिष्कार गुरुवार को भी जारी रहेगा। कर्मचारी व शिक्षक पुरानी पेंशन बहाली मंच के बैनर तले बुधवार को सभी कार्यालयों में कर्मचारी कार्य बहिष्कार पर रहे।
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कोषागार में भी काम ठप रहा। कहीं-कहीं काली पट्टी बांधकर कर्मचारी अपनी सीटों पर बैठे रहे लेकिन काम नहीं किया तो अध्यापकों ने चाक डाउन हड़ताल रखी। 12 बजे के बाद मुख्यालय के कर्मचारी शिक्षक तिकोनिया पार्क पहुंचे। यहां धरना दिया। धरने को संबोधित करते हुए मंच के जिलाध्यक्ष नीलमणि त्रिपाठी ने कहा कि नई पेंशन योजना धोखा है। उन्हें पुरानी पेंशन व्यवस्था हर हाल में चाहिए।
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संयुक्त राज्य कर्मचारी परिषद के जिलाध्यक्ष ओपी सिंह ने कहा कि पुरानी पेंशन बहाली होने तक निर्णायक संघर्ष जारी रहेगा। संचालन परिषद के मंत्री महेश चंद्र तिवारी ने किया। यहां प्रवक्ता ओम प्रकाश, परशुराम पाल, चक्रवती सिंह, अजीत सिंह, डेनियल भारतीय, अजय शुक्ल समेत तमाम कर्मचारी मौजूद थे।

विश्वविद्यालय कर्मचारी परिषद के अध्यक्ष डॉ. राजेश कुमार सिंह नेतृत्व में कर्मचारी धरने में शामिल होने पहुंचे। इसमें राम कुमार महामंत्री, उपाध्यक्ष शचींद्र पांडे, संगठन मंत्री कृतिका निषाद, कोषाध्यक्ष संजीव श्रीवास्तव आदि शामिल थे। रुदौली के अविनाश पांडेय, तारुन के रामगोपाल, बीकापुर के अनिल सिंह, मया के अमरनाथ वर्मा, पूरा के सत्येंद्र गुप्त, सोहावल के शैलेंद्र वर्मा, हरिंग्टनगंज के विजय यादव, मिल्कीपुर के मुकेश प्रताप, अमानीगंज के जयहिंद सिंह ने बताया कि शिक्षक कार्य बहिष्कार आंदोलन में शामिल रहे।

उत्तर प्रदेशीय विद्यालय निरीक्षक संघ के जिलाध्यक्ष खंड शिक्षा अधिकारी राम शंकर व जिला मंत्री खंड शिक्षा अधिकारी अरुण कुमार वर्मा के आह्वान पर सभी खंड शिक्षा अधिकारियों ने कलम बंद कर कार्य बहिष्कार आंदोलन का समर्थन किया। सोहावल प्रतिनिधि के मुताबिक सोहावल तहसील में धरना प्रदर्शन के साथ कार्य का बहिष्कार कर रहे कर्मियों ने जमकर नारेबाजी की।

शिक्षक नेता ज्ञान स्वरुप सिंह, बीईओ मसौधा उदयभान सिंह, सियाराम वर्मा, ग्राम विकास अधिकारी पंकज मिश्र, प्राथमिक शिक्षक संघ अध्यक्ष शैलेंद्र वर्मा, मंत्री समीर सिंह, संग्रह अमीन रमेशचंद्र गुप्ता, लेखपाल संघ अध्यक्ष साधूसरन यादव, मंत्री राम सुरेश आदि शामिल रहे। उत्तर प्रदेश महाविद्यालय शिक्षणेत्तर कर्मचारी परिषद् एवं एडेड कॉलेज लैब इंप्लाइज वेलफेयर एसोसिएशन ने संयुक्त रूप से स्थानीय साकेत महाविद्यालय एवं मनूचा डिग्री कॉलेज में पूर्ण रूप से कार्य बहिष्कार किया।

परिसर में ही धरना दिया। धरने में कर्मचारी परिषद महामंत्री सुशांत यादव, एक्लेवा अध्यक्ष राकेश पांडेय ने कहा कि प्रदेश के सभी महाविद्यालयों में कार्यालय एवं प्रयोगशाला कर्मचारी पूर्णरूप से कार्य बहिष्कार पर रहे। धरने में ओंकार नाथ शुक्ल, चंद्र प्रकाश श्रीवास्तव, राकेश पांडेय, राजीव पांडेय, डॉ. एसपी सिंह, डॉ. ओम प्रकाश यादव, डॉ. आशुतोष सिंह आदि ने अपने विचार रखे।


मवई प्रतिनिधि के मुताबिक उत्तर प्रदेशीय जूनियर हाईस्कूल शिक्षक संघ के अध्यापकों ने विद्यालयों में काली पट्टी बांधकर अपना विरोध जताया। अध्यक्ष अशोक जायसवाल ने कहा कि पुरानी पेंशन शिक्षक कर्मचारियों और अधिकारियों का अधिकार है।खंड शिक्षा अधिकारी मवई ने भी नेवरा स्थित कार्यालय पर काली पट्टी बांध कर विरोध जताया।
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