{"_id":"56e70e994f1c1bd14a8b4b99","slug":"no-light-after-operation","type":"story","status":"publish","title_hn":"मोतियाबिंद आॅपरेशन के बाद भी नहीं आई रोशनी","category":{"title":"Crime","title_hn":"क्राइम ","slug":"crime"}}
मोतियाबिंद आॅपरेशन के बाद भी नहीं आई रोशनी
basti
Updated Tue, 15 Mar 2016 12:48 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
कलवारी थाना क्षेत्र के रहने वाले एक व्यक्ति ने अपनी मां के आंख में मोतियाबिंद का शहर के अयोध्या आई हॉस्पिटल में ऑपरेशन के दौरान लापरवाही से रोशनी नहीं आने की शिकायत डीएम से की है।
डीएम ने मामले की जांच सीएमओ को सौंपी है। कलवारी थाने के बरईजोत निवासी मायाराम ने डीएम को दो मार्च 2016 को दिए शिकायत में आरोप लगाया कि उसने 29 जुलाई 2015 को अपनी मां कलावती के दाहिने आंख में मोतियाबिंद के आपरेशन के लिए अयोध्या आई हास्पिटल में भर्ती कराया। उससे 2291 रुपये जमा कराया गया।
लेकिन कोई रसीद नहीं दी गई। ऑपरेशन तीस जुलाई को किया गया। बाद में रोशनी न आने पर एक सप्ताह बाद फिर दिखाया। लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। चार नवंबर को ओपेक कैली अस्पताल में आई सर्जन को दिखाया तो उन्होंने बताया कि अब दाहिने आंख में रोशनी नहीं आ सकती। इसके बाद उसने 2 मार्च 2016 को डीएम से शिकायत कर अस्पताल के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की।
विज्ञापन
डीएम ने जांच सीएमओ को सौंप दिया। सीएमओ ने मामले की जांच डिप्टी सीएमओ डॉ सीएल कन्नौजिया को दिया है। डिप्टी सीएमओ डॉ कन्नौजिया ने बताया कि जांच मिली है। परीक्षण के बाद कुछ कह पाना संभव होगा। वहीं अयोध्या आई हास्पीटल के प्रबंधक टी विश्वास ने पूछने पर बताया कि शिकायत की जानकारी मिली है। मरीज की डिटेल मांगी है। देखने के बाद ही कुछ कह सकते हैं।
विज्ञापन
डीएम ने मामले की जांच सीएमओ को सौंपी है। कलवारी थाने के बरईजोत निवासी मायाराम ने डीएम को दो मार्च 2016 को दिए शिकायत में आरोप लगाया कि उसने 29 जुलाई 2015 को अपनी मां कलावती के दाहिने आंख में मोतियाबिंद के आपरेशन के लिए अयोध्या आई हास्पिटल में भर्ती कराया। उससे 2291 रुपये जमा कराया गया।
विज्ञापन
लेकिन कोई रसीद नहीं दी गई। ऑपरेशन तीस जुलाई को किया गया। बाद में रोशनी न आने पर एक सप्ताह बाद फिर दिखाया। लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। चार नवंबर को ओपेक कैली अस्पताल में आई सर्जन को दिखाया तो उन्होंने बताया कि अब दाहिने आंख में रोशनी नहीं आ सकती। इसके बाद उसने 2 मार्च 2016 को डीएम से शिकायत कर अस्पताल के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की।
विज्ञापन
डीएम ने जांच सीएमओ को सौंप दिया। सीएमओ ने मामले की जांच डिप्टी सीएमओ डॉ सीएल कन्नौजिया को दिया है। डिप्टी सीएमओ डॉ कन्नौजिया ने बताया कि जांच मिली है। परीक्षण के बाद कुछ कह पाना संभव होगा। वहीं अयोध्या आई हास्पीटल के प्रबंधक टी विश्वास ने पूछने पर बताया कि शिकायत की जानकारी मिली है। मरीज की डिटेल मांगी है। देखने के बाद ही कुछ कह सकते हैं।