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Ayodhya News: राम के द्वार गूंजा हिमवीरों का संगीत
Sun, 17 Aug 2025 10:42 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Sun, 17 Aug 2025 10:42 PM IST
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अयोध्या। मर्यादा पुरुषोत्तम राम की नगरी में स्वतंत्रता दिवस पर शुक्रवार को एक अद्भुत दृश्य देखने को मिला। ‘हिमवीर राम के द्वार’ कार्यक्रम के अंतर्गत 32वीं वाहिनी तिब्बत सीमा पुलिस बल (आईटीबीपी) के बैंड ने अपनी अद्भुत प्रस्तुति से ऐसा समां बांधा कि श्रोता मंत्रमुग्ध हो उठे। उद्घाटन महापौर महंत गिरीश पति त्रिपाठी और राम मंदिर ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने किया।
सरयू की लहरों और राम जन्मभूमि के दिव्य वातावरण के बीच जब हिमवीरों के वाद्य यंत्रों से राष्ट्रभक्ति और भक्ति रस से ओतप्रोत धुनें निकलीं तो पूरा वातावरण गूंज उठा। कभी वंदे मातरम की गूंज ने रोमांचित किया, तो कभी रामलला के जयकारे ने दर्शकों के हृदय को भक्ति से भर दिया।
बैंड पर हे राम, हे राम...जैस बैंड ने ईश्वर सत्य है, सत्य ही शिव की प्रस्तुति दी। देखी वीर जवानों अपने खून पर ये इल्जाम न आए...गीत ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया। हर करम अपना करेंगे...की प्रस्तुति ने रोमांचित किया।
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कार्यक्रम में मौजूद श्रद्धालुओं ने तालियों की गड़गड़ाहट से हिमवीरों का उत्साह बढ़ाया। बैंड की सुर लहरियां जब सरयू तट पर गूंजी तो मानो यह संदेश देने लगीं कि हिमालय की चोटियों पर तैनात ये प्रहरी केवल सीमाओं की रक्षा ही नहीं करते, बल्कि संस्कृति और संगीत की मधुर ध्वनियां भी लेकर आते हैं। आईटीबीपी 32वीं वाहिनी के कमांडेंट गौरव के अनुसार यह कार्यक्रम ऑपरेशन सिंदूर को समर्पित रहा।
कार्यक्रम का उद्देश्य श्रद्धालुओं और नागरिकों को सुरक्षा बलों की वीरता और कला दोनों से अवगत कराना रहा। कार्यक्रम में मंडलायुक्त राजेश कुमार, आरएम अयोध्या अरविंद कुमार सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
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सरयू की लहरों और राम जन्मभूमि के दिव्य वातावरण के बीच जब हिमवीरों के वाद्य यंत्रों से राष्ट्रभक्ति और भक्ति रस से ओतप्रोत धुनें निकलीं तो पूरा वातावरण गूंज उठा। कभी वंदे मातरम की गूंज ने रोमांचित किया, तो कभी रामलला के जयकारे ने दर्शकों के हृदय को भक्ति से भर दिया।
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बैंड पर हे राम, हे राम...जैस बैंड ने ईश्वर सत्य है, सत्य ही शिव की प्रस्तुति दी। देखी वीर जवानों अपने खून पर ये इल्जाम न आए...गीत ने दर्शकों को भावविभोर कर दिया। हर करम अपना करेंगे...की प्रस्तुति ने रोमांचित किया।
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कार्यक्रम में मौजूद श्रद्धालुओं ने तालियों की गड़गड़ाहट से हिमवीरों का उत्साह बढ़ाया। बैंड की सुर लहरियां जब सरयू तट पर गूंजी तो मानो यह संदेश देने लगीं कि हिमालय की चोटियों पर तैनात ये प्रहरी केवल सीमाओं की रक्षा ही नहीं करते, बल्कि संस्कृति और संगीत की मधुर ध्वनियां भी लेकर आते हैं। आईटीबीपी 32वीं वाहिनी के कमांडेंट गौरव के अनुसार यह कार्यक्रम ऑपरेशन सिंदूर को समर्पित रहा।
कार्यक्रम का उद्देश्य श्रद्धालुओं और नागरिकों को सुरक्षा बलों की वीरता और कला दोनों से अवगत कराना रहा। कार्यक्रम में मंडलायुक्त राजेश कुमार, आरएम अयोध्या अरविंद कुमार सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।