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Ayodhya News: उत्तर ताेताद्रि मठ में सामने आया स्वामित्व का विवाद
Tue, 09 Sep 2025 10:18 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Tue, 09 Sep 2025 10:18 PM IST
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अयोध्या। उत्तर ताेताद्रि मठ, विभीषण कुंड में स्वामित्व का विवाद सामने आया है। इसको लेकर दो पक्ष आमने-सामने हैं। एक पक्ष श्री बालदेशिक सोपान ट्रस्ट के ट्रस्टियों की बैठक देवकाली में हुईं। बैठक के बाद पत्रकारों से बात करते हुए ट्रस्ट के सदस्यों ने बताया कि मंदिर के महंत स्वामी अनंताचार्य को ट्रस्ट विरोधी गतिविधियों और वित्तीय अनियमितताओं में लिप्त होने के कारण ट्रस्ट के सदस्य पद से हटा दिया गया।
ट्रस्ट के सदस्यों का कहना है कि स्वामी अनंताचार्य को ट्रस्ट के अध्यक्ष पद व मठ के महंत पद से पहले ही हटाया जा चुका है। स्वामी दामोदराचार्य उर्फ दिनेश मिश्र को ट्रस्ट का नया अध्यक्ष व मठ का नया महंत नियुक्त किया गया है। वहीं मंदिर के वर्तमान पीठाधीश्वर जगदगुरु स्वामी अनंताचार्य का कहना है कि मठ में किसी भी तरह का काेई विवाद नही है। जो लाेग गुंडई के बल पर मंदिर पर कब्जा करना चाह रहे हैं, उन्हें श्रीबालदेशिक साेपान ट्रस्ट से पहले ही निकाला जा चुका है। वह संस्थान में कुछ भी नही हैं। यह ट्रस्ट उत्तर ताेताद्रि मठ की ओर से संचालित है। इसमें कुल सात ट्रस्टी हैं। सभी ट्रस्टी उनके साथ हैं। उन्होंने कहा कि उत्तर ताेताद्रि मठ की स्थापना वर्ष 1900 में स्वामी बलभद्राचार्य महाराज (बालदेशिक स्वामी) ने की थी। यहां पांच जून 1976 से वह उत्तराधिकारी रहे। इसके बाद 22 अगस्त 2014 काे उत्तर ताेताद्रि मठ का उन्हें महंत बनाया गया।
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ट्रस्ट के सदस्यों का कहना है कि स्वामी अनंताचार्य को ट्रस्ट के अध्यक्ष पद व मठ के महंत पद से पहले ही हटाया जा चुका है। स्वामी दामोदराचार्य उर्फ दिनेश मिश्र को ट्रस्ट का नया अध्यक्ष व मठ का नया महंत नियुक्त किया गया है। वहीं मंदिर के वर्तमान पीठाधीश्वर जगदगुरु स्वामी अनंताचार्य का कहना है कि मठ में किसी भी तरह का काेई विवाद नही है। जो लाेग गुंडई के बल पर मंदिर पर कब्जा करना चाह रहे हैं, उन्हें श्रीबालदेशिक साेपान ट्रस्ट से पहले ही निकाला जा चुका है। वह संस्थान में कुछ भी नही हैं। यह ट्रस्ट उत्तर ताेताद्रि मठ की ओर से संचालित है। इसमें कुल सात ट्रस्टी हैं। सभी ट्रस्टी उनके साथ हैं। उन्होंने कहा कि उत्तर ताेताद्रि मठ की स्थापना वर्ष 1900 में स्वामी बलभद्राचार्य महाराज (बालदेशिक स्वामी) ने की थी। यहां पांच जून 1976 से वह उत्तराधिकारी रहे। इसके बाद 22 अगस्त 2014 काे उत्तर ताेताद्रि मठ का उन्हें महंत बनाया गया।
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