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Ayodhya News: भूमि अधिग्रहण पर मुआवजे को लेकर विवाद
Fri, 16 Oct 2026 11:32 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Fri, 16 Oct 2026 11:32 PM IST
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अधिकारियों से ग्रामीणों की हुई नोकझोंक।
रुदौली। 84 कोसी परिक्रमा मार्ग के निर्माण के लिए भूमि अधिग्रहण और मुआवजे को लेकर शुक्रवार को रुदौली तहसील के इब्राहिमपुर गांव में विवाद हो गया। प्रभावित लोगों ने निर्धारित सीमा से अधिक भूमि अधिग्रहित करने और उचित मुआवजा नहीं देने का आरोप लगाया।
करीब 70 मकानों और प्लॉटों पर बुलडोजर चलाने के लिए एनएचएआई के सहायक अभियंता जेपी मिश्रा और अवर अभियंता सतीश मौके पर पहुंचे। इस दौरान अधिकारियों और प्रभावितों लोगों के बीच विवाद बढ़ गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बुलानी पड़ी। सूचना पर तहसीलदार विजय कुमार गुप्ता और लेखपाल कुलदीप भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रभावितों से जमीन की रजिस्ट्री और अन्य अभिलेख तहसील में जमा करने को कहा, ताकि मुआवजे की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सके।
बहरास निवासी शकीना बानो ने बताया कि उन्होंने सात वर्ष पहले पांच लाख रुपये में प्लॉट खरीदा था। अब उन्हें महज डेढ़ लाख रुपये मुआवजा मिलने की बात कही जा रही है। अन्य प्रभावितों का कहना है कि प्लॉट की रजिस्ट्री कराने और नक्शा स्वीकृत होने के बाद उन्होंने मकान बनवाए थे। इसके बावजूद मुआवजा कृषि भूमि की दर से निर्धारित किया जा रहा है।तहसीलदार विजय कुमार गुप्ता ने बताया कि सभी प्रभावितों से जमीन संबंधी अभिलेख जमा करने को कहा गया है। अभिलेख मिलने के बाद मुआवजे की कार्रवाई की जा सकेगी।
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करीब 70 मकानों और प्लॉटों पर बुलडोजर चलाने के लिए एनएचएआई के सहायक अभियंता जेपी मिश्रा और अवर अभियंता सतीश मौके पर पहुंचे। इस दौरान अधिकारियों और प्रभावितों लोगों के बीच विवाद बढ़ गया। स्थिति को नियंत्रित करने के लिए पुलिस बुलानी पड़ी। सूचना पर तहसीलदार विजय कुमार गुप्ता और लेखपाल कुलदीप भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने प्रभावितों से जमीन की रजिस्ट्री और अन्य अभिलेख तहसील में जमा करने को कहा, ताकि मुआवजे की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सके।
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बहरास निवासी शकीना बानो ने बताया कि उन्होंने सात वर्ष पहले पांच लाख रुपये में प्लॉट खरीदा था। अब उन्हें महज डेढ़ लाख रुपये मुआवजा मिलने की बात कही जा रही है। अन्य प्रभावितों का कहना है कि प्लॉट की रजिस्ट्री कराने और नक्शा स्वीकृत होने के बाद उन्होंने मकान बनवाए थे। इसके बावजूद मुआवजा कृषि भूमि की दर से निर्धारित किया जा रहा है।तहसीलदार विजय कुमार गुप्ता ने बताया कि सभी प्रभावितों से जमीन संबंधी अभिलेख जमा करने को कहा गया है। अभिलेख मिलने के बाद मुआवजे की कार्रवाई की जा सकेगी।
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