exclusive : अमिताभ बच्चन ने कभी नहीं ली पैतृक गांव बाबूपट्टी की सुध, गांव के लोग बोले- इंतेहा हो गई इंतजार की
‘कौन बनेगा करोड़पति’ कार्यक्रम में बिग बी यानी अमिताभ बच्चन ने भले ही अपने पैतृक गांव बाबूपट्टी में कुछ करने की हसरत जताई हो, लेकिन हकीकत यह है कि उन्होंने कभी भी बाबूपट्टी की सुध नहीं ली। 14 बरस पहले बाबूपट्टी आईं उनकी पत्नी जया बच्चन ने पूरे परिवार समेत आने का वायदा किया था, लेकिन वो आज तक पूरा न हो सका। बाबूपट्टी के ग्रामीण अमिताभ को उनकी ही फिल्म ‘शराबी’ का गाना याद दिलाते हुए कह रहे हैं कि इंतेहा हो गई इंतजार की।
दरअसल अमिताभ बच्चन ने मंगलवार को ‘ कौन बनेगा करोड़पति (केबीसी)’ कार्यक्रम में अपने गांव बाबू पट्टी प्रतापगढ़ को याद किया था। इस दौरान अमिताभ से एक प्रतिभागी के रिश्तेदार ने आग्रह किया कि वह अपने गांव बाबू पट्टी जरूर जाएं। इस पर अमिताभ ने कहा कि मुझे वहां जाना है और वहां के लिए कुछ करना भी है। भले ही वह स्कूल का निर्माण हो या फिर कुछ और। बाबू पट्टी गांव सदी के महानायक का पैतृक गांव भले ही है, मगर उनका सीधा संपर्क पैतृक गांव से कभी नहीं रहा।
न ही गांव के किसी व्यक्ति से वह परिचित हैं। जया बच्चन को बाबू पट्टी आए 14 साल बीत गए, लेकिन बच्चन परिवार का कोई भी सदस्य बाबू पट्टी नहीं आया। सालों से बाबू पट्टी गांव बिग बी के नाम पर सुर्खियां बटोर रहा है, मगर उसे अमिताभ बच्चन के दर्शन आज तक नहीं हुए। बुुधवार को बिग बी की उपेक्षा से आहत बाबू पट्टी गांव के लोगों ने अमर उजाला से उपेक्षा का दर्द बयां किया। कहा कि केबीसी में बिग बी ने पैतृक गांव में स्कूल खोलने की इच्छा जाहिर की है, इससे उम्मीद जगी है।