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Noah Lyles: फर्राटा किंग बने नोह की निगाह अब 200 मीटर स्वर्ण पर, बोल्ट की कर सकते हैं बराबरी
Mon, 21 Aug 2023 10:35 PM IST
शक्तिराज सिंह
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, बुडापेस्ट
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, बुडापेस्ट
Published by: शक्तिराज सिंह
Updated Mon, 21 Aug 2023 10:35 PM IST
सार
नोह ने रविवार देर रात सौ मीटर में स्वर्ण जीता जबकि बोस्तावाना के लेट्सइले टेबोगो (9.88) और ब्रिटेन के झारनेल ह्यूज (9.88) ने क्रमश: दूसरा और तीसरा स्थान हासिल किया।
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नोह लाइल्स
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
अमेरिका के नोह लाइल्स ने विश्व एथलेटिक्स चैंपियनशिप में 100 मीटर पुरुष वर्ग का खिताब जीत लिया। उन्होंने 9.83 सेकंड का समय निकाला जो उनका व्यक्तिगत श्रेष्ठ प्रदर्शन भी रहा। दो सौ मीटर में दो बार विश्व चैंपियन रहे लाइल्स अब 200 मीटर में गोल्डन डबल करना चाहते हैं, जैसा जमैका के उसेन बोल्ट ने 2015 में किया था। उसके बाद उन्हें 100 मीटर रिले में भी हिस्सा लेना है। बोल्ट 2017 में रिटायर हो चुके हैं।
नोह ने रविवार देर रात सौ मीटर में स्वर्ण जीता जबकि बोस्तावाना के लेट्सइले टेबोगो (9.88) और ब्रिटेन के झारनेल ह्यूज (9.88) ने क्रमश: दूसरा और तीसरा स्थान हासिल किया। चौथे स्थान पर रहे जमैका के ओबिलक्यू सेविले ने भी 9.88 सेकंड का समय निकाला लेकिन बेहद मामूली अंतर से पोडियम पर आने से रह गए। पूर्व चैंपियन क्रिस्टिन कोलमैन 9.92 के साथ पांचवें स्थान पर रहे। रजत पदक जीतने वाले बीस साल के टैबोगो 100 मीटर का पदक जीतने वाले पहले अफ्रीकी बने तो ह्यूज फर्राटा रेस में पदक जीतने वाले 20 वर्षों में पहले ब्रिटिश एथलीट हैं। इससे पहले ऐसा डेरेल कैंपबेल ने किया था।
कड़ा रहा मुकाबला
सौ मीटर की रेस में मुकाबला काफी चुनौतीपूर्ण था। पचास मीटर तक तो कड़ी प्रतिस्पर्धा हुई। लाइल्स ने अंतिम 30 मीटर में बिजली की सी गति दिखाई। उन्होंने अपने जश्न के लिए पहले बिग स्क्रीन पर नतीजे की पुष्टि की। अमेरिका के 100 मीटर के पिछले विजेता फ्रेड कर्ले फाइनल के लिए क्वालिफाई ही नहीं कर सके। उन्होंने सेमीफाइनल में 10.02 सेकंड का समय लिया।
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मैं अपनी तेज गति सुनिश्चित करना चाहता था। साठ मीटर के आसपास मैंने बढ़त बना ली थी। मैंने 100 मीटर में कई हार झेली हैं। अमेरिकी ट्रायल्स में कांस्य जीता था। लोग मुझे कम करके आंक रहे थे। मैं यह तीन स्वर्ण का लक्ष्य लेकर आया हूं। एक तो जीत लिया है। बाकी आ रहे हैं।-नोह लाइल्स
हंगरी को हैमर थ्रो में पहला पदक
मेजबान हंगरी के लिए हैमर थ्रो में हालास्ज ने कांस्य पदक जीता। यह विश्व एथलेटिक्स हंगरी का हैमर थ्रो में पहला पदक है। उन्होंने 80.82 मीटर की थ्रो फेंकी। बाद में उन्होंने कहा कि घरेलू दर्शकों के समर्थन से मुझे ताकत मिली। मैंने अपनी उम्मीदों से बेहतर कर दिखाया। 35 हजार सीटों के स्टेडियम में हालास्ज का परिवार भी उनकी हौसला अफजाई के लिए मौजूद था। स्वर्ण पदक कनाडा के इथन कैट्जबर्ग ने 81.25 मीटर की थ्रो के साथ जीता। इथन ने अपने श्रेष्ठ प्रदर्शन से दो मीटर बेहतर किया।
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नोह ने रविवार देर रात सौ मीटर में स्वर्ण जीता जबकि बोस्तावाना के लेट्सइले टेबोगो (9.88) और ब्रिटेन के झारनेल ह्यूज (9.88) ने क्रमश: दूसरा और तीसरा स्थान हासिल किया। चौथे स्थान पर रहे जमैका के ओबिलक्यू सेविले ने भी 9.88 सेकंड का समय निकाला लेकिन बेहद मामूली अंतर से पोडियम पर आने से रह गए। पूर्व चैंपियन क्रिस्टिन कोलमैन 9.92 के साथ पांचवें स्थान पर रहे। रजत पदक जीतने वाले बीस साल के टैबोगो 100 मीटर का पदक जीतने वाले पहले अफ्रीकी बने तो ह्यूज फर्राटा रेस में पदक जीतने वाले 20 वर्षों में पहले ब्रिटिश एथलीट हैं। इससे पहले ऐसा डेरेल कैंपबेल ने किया था।
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कड़ा रहा मुकाबला
सौ मीटर की रेस में मुकाबला काफी चुनौतीपूर्ण था। पचास मीटर तक तो कड़ी प्रतिस्पर्धा हुई। लाइल्स ने अंतिम 30 मीटर में बिजली की सी गति दिखाई। उन्होंने अपने जश्न के लिए पहले बिग स्क्रीन पर नतीजे की पुष्टि की। अमेरिका के 100 मीटर के पिछले विजेता फ्रेड कर्ले फाइनल के लिए क्वालिफाई ही नहीं कर सके। उन्होंने सेमीफाइनल में 10.02 सेकंड का समय लिया।
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मैं अपनी तेज गति सुनिश्चित करना चाहता था। साठ मीटर के आसपास मैंने बढ़त बना ली थी। मैंने 100 मीटर में कई हार झेली हैं। अमेरिकी ट्रायल्स में कांस्य जीता था। लोग मुझे कम करके आंक रहे थे। मैं यह तीन स्वर्ण का लक्ष्य लेकर आया हूं। एक तो जीत लिया है। बाकी आ रहे हैं।-नोह लाइल्स
हंगरी को हैमर थ्रो में पहला पदक
मेजबान हंगरी के लिए हैमर थ्रो में हालास्ज ने कांस्य पदक जीता। यह विश्व एथलेटिक्स हंगरी का हैमर थ्रो में पहला पदक है। उन्होंने 80.82 मीटर की थ्रो फेंकी। बाद में उन्होंने कहा कि घरेलू दर्शकों के समर्थन से मुझे ताकत मिली। मैंने अपनी उम्मीदों से बेहतर कर दिखाया। 35 हजार सीटों के स्टेडियम में हालास्ज का परिवार भी उनकी हौसला अफजाई के लिए मौजूद था। स्वर्ण पदक कनाडा के इथन कैट्जबर्ग ने 81.25 मीटर की थ्रो के साथ जीता। इथन ने अपने श्रेष्ठ प्रदर्शन से दो मीटर बेहतर किया।