Chanakya Niti: बुद्धिमान मनुष्य को गधे से सीखना चाहिए, जानिए क्या कहती है चाणक्य नीति
आप चाहे कितने भी अनुभवी क्यों न हों, अगर आप जीवन के हर पड़ाव पर विद्यार्थी बने रहेंगे तो बहुत कुछ सीख सकते हैं। तो आपको क्या लगता है आप बोझ ढोने वाले गधे से क्या सीख सकते हैं? क्या कहते हैं आचार्य चाणक्य?
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Chanakya Niti For Success: मौर्य वंश के राजनीतिक विशेषज्ञ गुरु आचार्य चाणक्य को राजनीतिक विशेषज्ञ और नीतिशास्त्र के कूटनीतिज्ञ के रूप में जाना जाता है। वह अपनी नीतियों में जिन बातों का जिक्र करते हैं, वह व्यक्ति के जीवन को आरामदायक और सफल बनाने में काफी मददगार होती हैं। चाणक्य ने कई सामाजिक कल्याणकारी नीतियां भी सामने रखीं। चाणक्य नीति में बताई गई बातों पर महारत हासिल करके आप सफलता के शिखर पर पहुंच सकते हैं। सफलता के लिए भी चाणक्य ने अपनी नीति में कई बाते बताई हैं। इन्हीं में एक है गधे से सीख लेना। चाणक्य नीति के कुल सत्रह अध्याय हैं। इसके छठे अध्याय में चाणक्य बताते हैं कि- सफलता पाने के लिए हर व्यक्ति को गधे के तीन गुणों को जरूर सीखना चाहिए।
आचार्य चाणक्य ने संस्कृत के एक श्लोक से गधे के तीन महत्वपूर्ण गुणों का जिक्र किया है। श्लोक है-
सुश्रान्तोऽपि वहेद् भारं शीतोष्णं न पश्यति।
सन्तुष्टश्चरतो नित्यं त्रीणि शिक्षेच्च गर्दभात्॥
- गधा चाहे कितना भी थका हुआ क्यों न हो, बोझ तो ढोता ही है। यह लगातार काम करता है। यह हमेशा शांत रहता है। बुद्धिमान व्यक्ति को सदैव इस गुण का पालन करना चाहिए।
- चाणक्य नीति के अनुसार मेहनत का गुण गधे से लेना चाहिए। हर किसी को विपरीत परिस्थितियों का सामना करना पड़ता है लेकिन अपने लक्ष्य से कभी नहीं भटकना चाहिए।
- जो व्यक्ति जिम्मेदारी से भागता है उसे कभी भी जल्दी सफलता और बड़ा पद नहीं मिलता है। गधा कर्तव्य से नहीं कतराता। यह दी गई जिम्मेदारी को ईमानदारी से निभाती है। इसलिए प्रत्येक व्यक्ति को अपने कार्यक्षेत्र में कड़ी मेहनत करनी चाहिए।
- गधे का गुण यह है कि वह बड़बड़ाता नहीं। काम करने के लिए कभी मना न करें। यह अपना निर्धारित कार्य पूरा करता है। यह काम करते समय परेशान नहीं करता है। इसलिए संतुष्टि और प्रसन्नता के साथ काम करना जरूरी है।
- ईमानदारी भी गधे का एक बड़ा गुण है। आप अपने काम के प्रति जितने ईमानदार होंगे, जितना कुछ नया सीखने की कोशिश करेंगे, उतना ही आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा, उतना ही आप उसमें माहिर हो जाएंगे।
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