बेटी ने 18 हजार फीट ऊंची चोटी पर फहराया तिरंगा, अगला लक्ष्य एवरेस्ट
हिमाचल के जिला मंडी की बेटी कमलेश वर्मा (परी) ने 18 हजार फीट ऊंची चोटी मूलिंग (लाहौल) पर तिरंगा फहराया। तिरंगा फहराने के बाद टीम वापस मूलिंग गांव पहुंची। टीम का मूलिंग पंचायत के लोगों ने भव्य स्वागत किया।
पर्यावरण संरक्षण में जुटीं संस्थाओं ने इस साहसिक कार्य की सराहना की है। परी ने कहा कि अब उसका अगला मिशन माउंट एवरेस्ट है। अगर कोई उसे सहयोग देता है तो वह जल्द ही माउंट एवरेस्ट पर हिमाचल का नाम ऊंचा करना चाहती हैं।
ग्रीन हिमालय क्लीन हिमालय और बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के संदेश को पश्चिमी हिमालय में फैलाने के लिए तीन सदस्यीय दल रवाना हुआ था। यह दल पर्यावरण व बेटी बचाओ का संदेश लेकर लाहौल-स्पीति की संस्थाओं से भी मिला।
इसके अलावा मूलिंग चोटी को फतह करना लक्ष्य रखा था। हिमालय बचाओ दल 25 जुलाई को कुल्लू से रवाना हुआ था। तीन सदस्यीय दल में दो बेटियां भी शामिल हैं। अंतरराष्ट्रीय पर्यावरणविद किशन लाल की अगुवाई में पश्चिमी हिमालय के जनजातीय जिला लाहौल-स्पीति के लिए रवाना हुआ था।
गांव वालों ने रोका बार-बार
दल में पर्यावरणविद कल्पना ठाकुर के अलावा मंडी की बेटी परी भी शामिल है। परी ने बताया कि जब वह अपने दल के साथ मुलिंग गांव से चली तो गांव वाले उन्हें बार-बार रोक रहे थे। गांव वालों को जंगली जानवरों का डर सता रहा था।
मगर जब मूलिंग में अपने हाथों से तिंरगा फहराया तो उसकी आंखें भर आईं। इस चोटी से परी और कल्पना का एक ही बुलंद नारा था-बेटियां कुछ भी कर सकती हैं।
उधर, परी के पिता रूप लाल वर्मा और माता रेवती वर्मा ने कहा कि उन्हें अपनी बेटी पर नाज है। वहीं, उपायुक्त मंडी ने भी परी के दल को इस उपलब्धि के बधाई दी है।