{"_id":"669a64245595086bf80d5ab2","slug":"sawai-madhopur-district-hospital-itself-fell-ill-while-treating-patients-increasing-dirt-everywhere-2024-07-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sawai Madhopur: मरीजों का इलाज करते-करते खुद बीमार पड़ा जिला अस्पताल, हर तरफ बढ़ती गंदगी और जीरो सुविधाएं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sawai Madhopur: मरीजों का इलाज करते-करते खुद बीमार पड़ा जिला अस्पताल, हर तरफ बढ़ती गंदगी और जीरो सुविधाएं
Fri, 19 Jul 2024 06:33 PM IST
प्रिया वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सवाई माधोपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सवाई माधोपुर
Published by: प्रिया वर्मा
Updated Fri, 19 Jul 2024 06:33 PM IST
सार
हर तरफ गंदगी और आवारा पशुओं के डेरों से गुलजार है सवाई माधोपुर स्थित जिला अस्पताल। उमस भरी इस गर्मी में एसी, कूलर तो दूर पंखे भी ठीक से काम नहीं कर रहे हैं। पर्ची काउंटर पर कम्प्यूटर और प्रिंटर खराब पड़े हैं, चिकित्सक आधे समय गायब रहते हैं। ऐसे में मरीज और अस्पताल दोनों ही इलाज की दरकार कर रहे हैं।
विज्ञापन
राजस्थान
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
सवाई माधोपुर जिला मुख्यालय स्थित जिले का सबसे बड़ा जिला अस्पताल दुर्दशा का शिकार है। विभागीय अनदेखी और प्रशासनिक उदासीनता के चलते जिला अस्पताल में पूरी तरह से अव्यवस्थाओं का आलम है। उमस भरी भीषण गर्मी में भी अस्पताल के वार्डों में न तो एसी चल रहे हैं और ना कूलर, इतना ही नहीं पर्ची काउंटर पर कम्यूटर और प्रिंटर भी खराब पड़े हैं, जिससे पर्ची काउंटर पर मरीजों की भारी भीड़ है।
विज्ञापन
अस्पताल में हर तरफ गंदगी और आवारा जानवरों का डेरा है। अस्पताल के अधिकतर चिकित्सक अपनी सीट से गायब रहते हैं। मशीनरी की कमी के चलते मरीजों को इलाज के लिए भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है लेकिन अस्पताल प्रशासन एवं चिकित्सा विभाग सब कुछ देखकर भी अनजान बना बैठा है।
विज्ञापन
जिला अस्पताल में बने हेल्प डेक्स पर तैनात चंचल गौतम ने बताया कि कई डॉक्टर अपने केबिन में बैठने की बजाय अस्पताल के बाहर मेडिकल की दुकानों के पीछे बैठकर मरीज देखते हैं। ऐसे में अस्पताल आने वाले मरीजों को कई डॉक्टर अपनी सीट पर नहीं मिलते और मरीजों को इधर से उधर भटकना पड़ रहा है । अस्पताल के ट्राली मैन तो ट्रॉली को हाथ तक नहीं लगाते, मजबूरन मरीजों के परिजनों को ट्रॉली खींचनी पड़ती है।
विज्ञापन
अस्पताल का हाल ये है कि इस भीषण गर्मी में भी अस्पताल के किसी भी वार्ड में एसी और कूलर काम नहीं कर रहे हैं। वार्डों सहित एक्स रे रूम, लेबर रूम तक के एसी खराब हैं, ऐसे में अस्पताल में भर्ती मरीज और गर्भवती महिलाएं परेशानी झेलने के लिए विवश हैं। मशीनरी के अभाव में चिकित्सक गंभीर मरीजों को अस्पताल में रोकने की बजाय जयपुर या कोटा रैफर कर देते हैं।