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बारिश में भीगी गेहूं की लाखों बोरियां
अमर उजाला, अबोहर (फिरोजपुर)
Updated Sat, 10 May 2014 10:27 PM IST
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शहर में शनिवार को हुई रिमझिम बारिश से भले ही गर्मी से कुछ राहत मिली हो लेकिन दाना मंडियों में पड़ा लाखों बोरी गेहूं भीग गया है। इससे किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें खिंच आई हैं।
जानकारी के अनुसार दाना मंडी में लिफ्टिंग का प्रबंध सुचारु न होने से लाखों की तादाद में गेहूं की बोरियां बारिश में गीली हो गईं।
उपमंडल अधिकारी राजपाल सिंह ने लिफ्टिंग के बारे में ट्रक ऑपरेटरों से बैठक कर मात्र 2-3 दिन में ही लाखों बोरियों की लिफ्टिंग करवा देने के आदेश दिए थे। इसके बाद भी अब तक 36 मंडियों में करीब 16 लाख बोरियां खुले आसमान के नीचे पड़ी हुई हैं।
वहीं गांवों की 13 मंडियों का फर्श कच्चा होने के कारण गेहूं में मिट्टी मिल रही है। शनिवार हुई बारिश से अबोहर मंडी में करीब चार लाख कट्टा गेहूं भीगता रहा।
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आढ़तिया एसोसिएशन के प्रधान प्रमिल कलानी ने बताया कि आढ़तियों की जिम्मेदारी गेहूं तुलवाकर बोरियों में भरने तक की है। भरी हुई बोरियों को 72 घंटों के भीतर उठवाना लिफ्टिंग ठेकेदार की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि बारिश में जो गेहूं भीग रहा है उसके लिए लिफ्टिंग ठेकेदार जिम्मेदार है।
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जानकारी के अनुसार दाना मंडी में लिफ्टिंग का प्रबंध सुचारु न होने से लाखों की तादाद में गेहूं की बोरियां बारिश में गीली हो गईं।
उपमंडल अधिकारी राजपाल सिंह ने लिफ्टिंग के बारे में ट्रक ऑपरेटरों से बैठक कर मात्र 2-3 दिन में ही लाखों बोरियों की लिफ्टिंग करवा देने के आदेश दिए थे। इसके बाद भी अब तक 36 मंडियों में करीब 16 लाख बोरियां खुले आसमान के नीचे पड़ी हुई हैं।
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वहीं गांवों की 13 मंडियों का फर्श कच्चा होने के कारण गेहूं में मिट्टी मिल रही है। शनिवार हुई बारिश से अबोहर मंडी में करीब चार लाख कट्टा गेहूं भीगता रहा।
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आढ़तिया एसोसिएशन के प्रधान प्रमिल कलानी ने बताया कि आढ़तियों की जिम्मेदारी गेहूं तुलवाकर बोरियों में भरने तक की है। भरी हुई बोरियों को 72 घंटों के भीतर उठवाना लिफ्टिंग ठेकेदार की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि बारिश में जो गेहूं भीग रहा है उसके लिए लिफ्टिंग ठेकेदार जिम्मेदार है।