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Prayagraj Kumbh 2019 : अजब आस्था की गजब कहानी, देखें कुंभ का बदला रंग-रूप
Mon, 07 Jan 2019 07:23 PM IST
Ayush Jha
धर्म डेस्क, अमर उजाला
धर्म डेस्क, अमर उजाला
Published by: Ayush Jha
Updated Mon, 07 Jan 2019 07:23 PM IST
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प्रयागराज कुंभ 2019
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संगम की रेती पर लगे कुंभ मेले में आपको आस्था की ऐसी तस्वीर देखने को मिल जाएगी जो आपने न कभी सुनी होगी और न ही देखी होगी। कई किलोमीटर तक फैले इस महामेले में कहीं कोई साधु अपनी धूनी जमाए बैठा होगा तो कहीं कोई नागा बाबा ऐसी योग मुद्रा में बैठा होगा कि उसे देखकर आप दातों तले अंगुलिया दबा लेंगे। आइए कैमरे से क्लिक की गईं ऐसी ही तस्वीरों के जरिये करते हैं कुंभ दर्शन —
प्रयागराज कुंभ 2019
1.
शस्त्र और शास्त्र में निपुण साधु-संत हाथी-घोड़े और बग्घी के साथ अब बुलेट की सवारी भी शान से करते हैं।
शस्त्र और शास्त्र में निपुण साधु-संत हाथी-घोड़े और बग्घी के साथ अब बुलेट की सवारी भी शान से करते हैं।
कुंभ
2.
सुदूर कंदराओं में साधनारत रहने वाले साधुओं को विशेष घड़ी में मोक्ष दिलाने वाली डुबकी प्रयागराज खींच लाई है।
सुदूर कंदराओं में साधनारत रहने वाले साधुओं को विशेष घड़ी में मोक्ष दिलाने वाली डुबकी प्रयागराज खींच लाई है।
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कुंभ मेला 2019
3.
प्रयागराज में गंगा-यमुना तीरे रंग-बिरंगे टेंटो का एक नया शहर बस गया है, जहां रहने के लिए देश ही नहीं दुनिया के कोने-कोने से अलग-अलग भाषा, संस्कृति और पहनावे लोग पहुंच रहे हैं।
प्रयागराज में गंगा-यमुना तीरे रंग-बिरंगे टेंटो का एक नया शहर बस गया है, जहां रहने के लिए देश ही नहीं दुनिया के कोने-कोने से अलग-अलग भाषा, संस्कृति और पहनावे लोग पहुंच रहे हैं।
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कुंभ मेला 2019
4.
आस्था का ऐसा सैलाब शायद ही पृथ्वी पर कहीं उमड़ता हो, जहां को सिर पर गठरी-मुठरी बांधे तीर्थयात्री बगैर किसी शिकवा-शिकायत के पुण्य की डुबकी लगाकर अपने घरों को वापस लौट जाता है।
आस्था का ऐसा सैलाब शायद ही पृथ्वी पर कहीं उमड़ता हो, जहां को सिर पर गठरी-मुठरी बांधे तीर्थयात्री बगैर किसी शिकवा-शिकायत के पुण्य की डुबकी लगाकर अपने घरों को वापस लौट जाता है।