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अन्नपूर्णा जयंती: कब है अन्नपूर्णा जयंती, जानिए इसका महत्व और पूजा विधि

Tue, 29 Dec 2020 07:11 AM IST
Shashi Shashi धर्म डेस्क, अमर उजाला
धर्म डेस्क, अमर उजाला Published by: Shashi Shashi Updated Tue, 29 Dec 2020 07:11 AM IST
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annapurna jayanti 2020 know date significance and worship method of annapurna jayanti
मां अन्नपूर्णा। - फोटो : अमर उजाला

हर वर्ष मार्गशीष (अगहन) मास की पूर्णिमा तिथि वाले दिन अन्नपूर्णा जयंती मनाई जाती है। इस वर्ष अन्नपूर्णा जयंती 29 दिसंबर को मनाई जाएगी। माता अन्नपूर्णा से ही धरती पर अन्न की पूर्ति होती है। इसलिए अन्नपूर्णा माता का स्थान रसोईघर में माना जाता है। हिंदू धर्म में घर की गृहणी को भी अन्नपूर्णा का स्थान दिया जाता है, क्योंकि घर में पूरे परिवार के लिए भोजन आज भी गृहणियों के द्वारा बनाया जाता है। इस दिन घर की महिलाओं या अन्न का अपमान भूलकर भी नहीं करना चाहिए। तो चलिए जानते हैं अन्नपूर्णा जयंती का महत्व समय और पूजा विधि...


 
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मां अन्नपूर्णा। - फोटो : अमर उजाला

अन्नपूर्णा जयंती का महत्व
सोचिए यदि धरती पर अन्न ही न हो तो क्या होगा। अन्न हमारे जीवन के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण है। अन्न के बिना इस जीवन की कल्पना भी नहीं की जा सकती है। अन्नपूर्णा जयंती को मां अन्नपूर्णा के प्राक्ट्य दिवस के रूप में मनाया जाता है। जिस घर में मां अन्नपूर्णा की आशीर्वाद रहता है, वहां किसी प्रकार का अभाव नहीं रहता है। मां अन्नपूर्णा का कृपा से अन्न के भंडार भरे रहते हैं। इसलिए अन्नपूर्णा जयंती के दिन मां अन्नपूर्णा का अशीर्वाद पाने के लिए बहुत महत्वपूर्ण रहता है। इस दिन प्रातः उठकर मां अन्नपूर्णा की पूजन करना चाहिए। 

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मां अन्नपूर्णा - फोटो : अमर उजाला
अन्नपूर्णा जयंती पूजन विधि
  • शास्त्रों में बताया गया है कि इस दिन मां अन्नपूर्णा का पूजन करने से घर में अन्न के भंडार कभी खाली नहीं होते हैं। 
  • अन्नपूर्णा जयंती के दिन प्रातः जल्दी उठकर स्नानादि करके स्वच्छ वस्त्र धारण करें। 
  • पूरे घर और रसोई, चूल्हे की अच्छे से साफ-सफाई करें और गंगाजल छिड़ककर शुद्ध करें।
  • खाने के चूल्हे पर हल्दी, कुमकुम, चावल पुष्प अर्पित करें। धूप दीप प्रज्वलित करें। 
  • इसके साथ ही माता पार्वती और शिव जी की पूजा करें। माता पार्वती ही अन्नपूर्णा हैं।
  • विधिवत् पूजा करने के बाद माता से प्रार्थना करें कि हमारे घर में हमेशा अन्न के भंडारे भरे रहें मां अन्नपूर्णा हमपर और पूरे परिवार एवं समस्त प्राणियों पर अपनी कृपा बनाए रखें।
  • इस दिन अन्न का दान करें जरूरतमंदो को भोजन करवाएं।
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स्वर्णमयी मां अन्नपूर्णा।
अन्नपूर्णा तिथि समय
पूर्णिमा तिथि आरंभ- 29 दिसंबर 2020 को सुबह 08:58 से 
पूर्णिमा तिथि समाप्त- 30 दिसंबर 2020 को 09:31 बजे तक 
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