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Raksha Bandhan 2024: भाई को राखी बांधते समय जरूर पढ़ें ये मंत्र, अन्यथा नहीं होगा लाभ

Sun, 11 Aug 2024 07:05 AM IST
श्वेता सिंह ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: श्वेता सिंह Updated Sun, 11 Aug 2024 07:05 AM IST
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Raksha Bandhan 2024 Chant this Mantra while tying the rakhi or rakhsasutra to your brother
रक्षासूत्र मंत्र - फोटो : amar ujala

Raksha Sutra Mantra: इस साल देशभर में रक्षाबंधन 19  अगस्त को मनाया जाएगा। इस दिन कई शुभ योग का निर्माण हो रहा है, इनमें सर्वार्थ सिद्धि योग, रवि योग, शोभन योग का नाम शामिल है। इस योग में राखी बांधने से भाई बहन के रिश्ते में मजबूती आती है। वहीं रक्षाबंधन पर भद्रा काल का साया भी रहेगा, इस काल में राखी बांधना अशुभ हो सकता है। बता दें रक्षाबंधन के दिन भद्रा सुबह 5 बजकर 53 मिनट से आरंभ हो जाएगी, जो दोपहर 1 बजकर 32 मिनट पर समाप्त होगी। ऐसे में आप 19 अगस्त के दिन दोपहर 01: 32 से लेकर रात्रि 09:07 तक के बीच के समय में राखी बांध सकते है। लेकिन रक्षाबंधन पर सिर्फ राखी बांधना ही काफी नहीं है। इस रक्षा सूत्र को तभी मजबूती मिलती है जब आप एक साथ रक्षा बंधन मंत्रों का जाप करते हैं।

Raksha Bandhan 2024 Chant this Mantra while tying the rakhi or rakhsasutra to your brother
रक्षा सूत्र मंत्र - फोटो : Istock

शास्त्रों में कहा गया है कि रक्षा सूत्र एक मंत्र के साथ आशीर्वाद कवच की तरह काम करता है और लोगों की रक्षा करता है। भाई की कलाई पर राखी बांधते समय बहनों को रक्षाबंधन मंत्र का जाप भी करना चाहिए क्योंकि बिना मंत्र जाप के राखी मात्र आभूषण बनकर रह जाती है। 

Raksha Bandhan 2024 Chant this Mantra while tying the rakhi or rakhsasutra to your brother
रक्षासूत्र मंत्र - फोटो : iStock

रक्षाबंधन का मंत्र है " येन बद्धो बलि राजा, दानवेन्द्रो महाबल: तेन त्वाम् प्रतिबद्धनामि रक्षे माचल माचल:।' इस मंत्र की उत्पत्ति की कहानी बहुत ही अनोखी है, इस मंत्र में इसका सार छिपा हुआ है।

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Raksha Bandhan 2024 Chant this Mantra while tying the rakhi or rakhsasutra to your brother
रक्षासूत्र मंत्र - फोटो : istock

भगवान विष्णु ने वामन अवतार लिया और राजा बलि से दान में सब कुछ मांग लिया। जब राजा बलि को भगवान के कृत्य के बारे में पता चला तो उन्होंने भगवान वामन से वरदान मांगा कि आप मेरे साथ पाताल में रह सकें। भगवान विष्णु राजा बलि के साथ नरक में चले गये। इस कारण माता लक्ष्मी दुखी हो गईं और सोचने लगीं कि भगवान को बलि राजा को दिए गए आशीर्वाद के बंधन से कैसे मुक्त किया जाए। लक्ष्मी मां भेष बदलकर बलि राजा के पास गईं और उन्हें अपना भाई बना लिया।

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Raksha Bandhan 2024 Chant this Mantra while tying the rakhi or rakhsasutra to your brother
रक्षासूत्र मंत्र - फोटो : अमर उजाला

सावन पूर्णिमा के दिन मां लक्ष्मी ने राजा बलि को राखी बांधी । जब राजा बलि ने देवी से राखी बांधने के बदले में उपहार मांगने को कहा तो मां लक्ष्मी ने भगवान विष्णु को वरदान के बंधन से मुक्त करने का वचन मांगा। बलि ने उपहार स्वरूप भगवान को वचन मुक्त किया और भगवान विष्णु  देवी लक्ष्मी के साथ वैकुंठ लौट आए।

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