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Pitru Paksha 2024: पूजा में जरूर शमिल करें ये चीज, इस फूल के बिना अधूरा है पितरों का तर्पण

Mon, 02 Sep 2024 04:40 PM IST
ज्योति मेहरा धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: ज्योति मेहरा Updated Mon, 02 Sep 2024 04:40 PM IST
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Pitru Paksha 2024 shradh will incomplete without offering Kash Flower in hindi
Pitru Paksha 2024 Date - फोटो : अमर उजाला

Pitru Paksha 2024 Upay: हिंदू धर्म में पितृ पक्ष का विशेष महत्व है। इस साल 17 सितंबर 2024 से पितृ पक्ष की शुरुआत हो रही है, जो 2 अक्तूबर 2024 को समाप्त होगा। पितृ पक्ष में लोग  अपने पितरों की आत्मा की शांति के लिए श्राद्ध करते हैं। मान्यता है कि पितृ पक्ष के दौरान सभी पितर पृथ्वी लोक पर आते हैं और अपने परिवार को लोगों को आर्शीवाद देते हैं। हमारे पितर इस दौरान उम्मीद करते हैं कि उनकी संतानें उनके लिए श्राद्ध, तर्पण या पिंडदान आदि करें, जिससे उन्हें शांति मिलती है।



श्राद्ध में तर्पण के दौरान एक विशेष फूल का महत्व बताया गया है। इस फूल को काश के फूल के नाम से जाना जाता है। पौराणिक कथाओं की मानें तो यदि पूजा में काश के फूलों का इस्तेमाल नहीं किया जाता है, तो श्राद्ध कर्म अधूरा माना जाता है। ऐसे में आइए जानते हैं कि पितरों के श्राद्ध में काश के फूल का क्या महत्व है और श्राद्ध में किन फूलों का इस्तेमाल करना चाहिए।

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Pitru Paksha 2024 shradh will incomplete without offering Kash Flower in hindi
सूर्य की पूजा - फोटो : iStock

पितृ पक्ष में पूजा में जरूर अर्पण करें ये फूल 
श्राद्ध कर्म के लिए कुछ खास चीजें बताई गई हैं, जिनका इस्तेमाल करना बहुत जरूरी होता है। पितृ पक्ष में श्राद्ध और तर्पण के दौरान किसी भी पुष्प का उपयोग नहीं किया जा सकता है। पितृ पक्ष में तर्पण के लिए काश के फूलों का इस्तेमाल करना चाहिए। यदि काश का फूल नहीं है, तो आप मालती, जूही, चम्पा या सफेद फूलों का इस्तेमाल भी कर सकते हैं। 
 

Pitru Paksha 2024 shradh will incomplete without offering Kash Flower in hindi
Pooja Thali - फोटो : freepik

इन फूलों का प्रयोग कभी न करें  
श्राद्ध और तर्पण के लिए बेलपत्र, कदम्ब, केवड़ा, मौलसिरी, करवीर और लाल-काले रंग के फूलों का प्रयोग नहीं करना चाहिए। मान्यता है कि पितर इन्हें देखकर निराश हो जाते हैं और पितरों के नाराज होने से पारिवारिक और आर्थिक परेशानियों जैसा स्थिति बन जाती है।
 

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Pitru Paksha 2024 shradh will incomplete without offering Kash Flower in hindi
Pooja Thali - फोटो : freepik

पितृ तर्पण में काश के फूल का महत्व 
पुराणों में पितृ तर्पण के दौरान काश के फूल का इस्तेमाल बहुत ही शुभ बताया गया है। 

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Pitru Paksha 2024 shradh will incomplete without offering Kash Flower in hindi
Pooja Thali - फोटो : freepik

जिस प्रकार तर्पण के दौरान कुश और तिल का खास प्रयोग करना शुभ माना जाता है, उसी प्रकार काश के फूल का होना भी बहुत जरूरी होता है। कहा जाता है कि पितरों को प्रसन्न करने के लिए काश के फूलों का प्रयोग जरूरी है।
 

डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।

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