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Mahashivratri 2021: महाशिवरात्रि का क्यों है इतना अधिक महत्व, जानें इस पर्व से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी

Tue, 09 Mar 2021 12:31 PM IST
रुस्तम राणा धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: रुस्तम राणा Updated Tue, 09 Mar 2021 12:31 PM IST
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Mahashivratri 2021 know the significace of night of Mahashivratri
महाशिवरात्रि 2021 - फोटो : अमर उजाला

महाशिवरात्रि का पावन पर्व 11 मार्च को है। हिन्दू पंचांग के अनुसार, यह पर्व हर साल फाल्गुन माह कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मनाया जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, यह पावन पर्व भगवान शिवजी को समर्पित है। इस दिन भगवान शिव के भक्त उनकी कृपा पाने के लिए उनकी विधि-विधान के साथ पूजा आराधना करते हैं। आइए जानते हैं महाशिवरात्रि 2021 से जुड़े महत्व तथ्य।

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महाशिवरात्रि 2021 - फोटो : Social media
महाशिवरात्रि की रात इसलिए होती है महत्वपूर्ण

महाशिवरात्रि पर्व में रात्रि का खास महत्व है। हिन्दू धर्म में रात्रि में होने वाले विवाह का मुहूर्त शादी के लिए उत्तम माना गया है। धार्मिक मान्यता है कि फाल्गुन कृष्ण की चतुर्दशी तिथि की रात्रि को भगवान शिव का विवाह माता पार्वती के साथ संपन्न हुआ था। पंचांग के अनुसार जिस दिन फाल्गुन माह की मध्य रात्रि यानी निशीथ काल में होती है उस दिन को ही महाशिवरात्रि माना जाता है। 

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महाशिवरात्रि 2021 - फोटो : अमर उजाला।
फाल्गुन माह कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी इसलिए है महाशिवरात्रि

वैसे तो हर महीने कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि आती है, जिसमें हम मासिक शिवरात्रि के नाम से जानते हैं। लेकिन इनमें फाल्गुन माह कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि श्रेष्ठ है। इसलिए इसे महाशिवरात्रि के नाम से जाना जाता है। भवान शिव की आराधना के लिए भी यह दिन श्रेष्ठ है। इस दिन दांपत्य जीवन को सुखी बनाने के लिए कई जातक शिवजी और मां पार्वती की उपासना करते हैं।

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महाशिवरात्रि 2021 - फोटो : Pixabay
महाशिवरात्रि में बन रहे हैं ये दो श्रेष्ठ योग

महाशिवरात्रि के दिन सुबह 09 बजकर 25 मिनट तक महान कल्याणकारी 'शिव योग' रहेगा। उसके बाद सभी कार्यों में सिद्धि दिलाने वाला 'सिद्धयोग' शुरू हो जाएगा। शिव योग में किए जाने वाले धर्म-कर्म, मांगलिक अनुष्ठान बहुत ही फलदायी होती हैं। इस योग के किये गए शुभकर्मों का फल अक्षुण्ण रहता है। साथ ही देवगुरू बृहस्पति और शनि मकर राशि में रहेंगे, ऐसे में महाशिवरात्रि पर किये गये पूजन का विशेष शुभ फल प्राप्त होगा।

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महाशिवरात्रि 2021 - फोटो : Social media
महाशिवरात्रि पर लग रहे हैं पंचक

इस साल महाशिवरात्रि के दिन पंचक लग रहे हैं। फाल्गुन कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि 11 मार्च को दोपहर 2 बजकर 41 मिनट से 12 मार्च दोपहर 3 बजकर 3 मिनट तक ही रहेगी। इस दिन पंचक सुबह 9 बजकर 21 मिनट से शुरू होकर 16 मार्च की सुबह 4 बजकर 44 मिनट तक रहेंगे। पंचक में कुछ विशेष बातों का ध्यान रखा जाता है। 

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