Akshaya Tritiya 2025: हिंदू पंचांग के अनुसार, वैशाख शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को अक्षय तृतीया का पर्व मनाया जाता है। अक्षय तृतीया को आखा तीज भी कहा जाता है। इस साल अक्षय तृतीया पर बुधवार के साथ रोहिणी नक्षत्र का शुभ संयोग बन रहा है, जिसे अत्यंत शुभ माना गया है। इस दिन मां लक्ष्मी के पूजन का विधान है। यह दिन किसी नए काम की शुरुआत के लिए भी शुभ माना गया है। अक्षय तृतीया पर सोना खरीदने की भी परंपरा है। मान्यता है कि इस दिन खरीदे गए स्वर्ण यानी सोने का कभी क्षय नहीं होता है, उसमें हमेशा वृद्धि होती है।
Akshaya Tritiya 2025: अक्षय तृतीया पर राशि के अनुसार करें दान और खरीदारी, धन-दौलत में होगी वृद्धि
Akshaya Tritiya 2025: हिंदू पंचांग के अनुसार, वैशाख शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को अक्षय तृतीया का पर्व मनाया जाता है। अक्षय तृतीया को आखा तीज भी कहा जाता है।
अक्षय तृतीया तिथि
ज्योतिषाचार्य पं.मनोज कुमार द्विवेदी ने बताया कि अक्षय तृतीया का पावन पर्व वैशाख शुक्ल पक्ष तृतीया तिथि 30 अप्रैल दिन बुधवार को मनाया जाएगा। यद्यपि श्री परशुराम जन्मोत्सव प्रदोष संध्याकाल में तृतीया तिथि मिलने के कारण 29 अप्रैल को ही मनाया जाएगा। तृतीया तिथि का आरंभ 29 अप्रैल को सायंकाल 5 बजकर 32 मिनट से आरंभ होकर 30 अप्रैल को दोपहर 2 बजकर 12 मिनट तक रहेगा।
अतः 30 अप्रैल को संध्या कालीन प्रदोष नहीं मिलने के कारण श्री परशुराम जन्मोत्सव 29 अप्रैल को ही मनाया जाएगा।उदयातिथि के अनुसार, अक्षय तृतीया का पर्व 30 अप्रैल 2025, बुधवार को मनाया जाएगा।
अक्षय तृतीया का महत्व
ऐसी मान्यताएं हैं कि अक्षय तृतीया पर सोने-चांदी की चीजें खरीदने से जातक का भाग्योदय होता है। इसके अलावा, पवित्र नदियों में स्नान, दान, ब्राह्मण भोज, कर्म, यज्ञ और ईश्वर की उपासना जैसे उत्तम कार्य इस तिथि पर अक्षय फलदायी माने गए हैं। धार्मिक मान्यता अनुसार, इस दिन शुरू किया गया कोई भी कार्य आसानी से संपन्न हो जाता है।
ज्योतिष के दृष्टिकोण से अक्षय तृतीया को सूर्य व चंद्रमा दोनों ही अपनी उच्च राशि में स्थित होते हैं व कई ग्रहों की स्थिति अत्यंत शुभ होती है। जिस कारण से यह अपने आप में एक अबूझ मुहूर्त माना गया है। यदि किसी का विवाह या कोई भी नए कार्य का मुहूर्त न निकल रहा हो तो इस दिन कोई भी शुभ कार्य किया जा सकता है। इस दिन को अत्यधिक शुभ माना गया है।
सोना खरीदने का शुभ मुहूर्त
अक्षय तृतीया को समृद्धि और सौभाग्य का पर्व माना जाता है और इस दिन सोना खरीदना बेहद शुभ माना जाता है। माना जाता है कि इस दिन खरीदी गई चीज़ें अक्षय यानी कभी खत्म न होने वाला सौभाग्य लाती हैं। पंचांग के अनुसार, इस साल 30 अप्रैल को सुबह 5:41 मिनट से दोपहर 2:12 मिनट तक सोना खरीदने का सबसे अच्छा समय रहेगा। इस अवधि में की गई खरीदारी को अत्यंत लाभकारी माना जाता है और इससे घर में सुख-समृद्धि और धन-वैभव का आगमन होता है।
अक्षय तृतीया का यह शुभ मुहूर्त हर तरह की नई शुरुआत और निवेश के लिए आदर्श माना जाता है। इस शुभ अवसर पर सोना खरीदना न सिर्फ आर्थिक उन्नति का प्रतीक है, बल्कि यह परिवार की खुशहाली और उज्ज्वल भविष्य का भी संकेत देता है।
अक्षय तृतीया के दिन किया गया दान सर्वश्रेष्ठ दान माना गया है। इसलिए अक्षय तृतीया को जैसी भी सामर्थ्य हो उसके अनुरूप वस्तुओं का दान करना चाहिए।
- मेष राशि -किसी ब्राह्मण को जौ एवं अनाज दान करें व स्वर्ण खरीदना शुभ रहता है।
- वृषभ राशि - किसी ब्राह्मण को ऋतु फल दान करना शुभ होता है, सोना-चांदी शुभ माना गया है।
- मिथुन राशि - 11 ब्राह्मणों को भोजन करवाकर खीरा, ककड़ी का दान करना चाहिए। चांदी खरीदना शुभ रहता है।
- कर्क राशि - ब्राह्मणों को नवीन वस्त्र व ऋतु फल देना शुभ माना गया है। इस दिन चांदी-सोना खरीदना शुभ माना गया है।