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MP News: खजुराहो नृत्य समारोह का आगाज 20 फरवरी से, सीएम डॉ. यादव करेंगे समारोह का शुभारंभ
Sun, 18 Feb 2024 11:17 PM IST
दिनेश शर्मा
अमर उजाला, न्यूज डेस्क, छतरपुर
अमर उजाला, न्यूज डेस्क, छतरपुर
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Sun, 18 Feb 2024 11:17 PM IST
सार
खजुराहो नृत्य समारोह में प्रमुख शास्त्रीय नृत्य शैलियों जैसे भरतनाट्यम, ओडिसी, कथक, मोहिनीअटट्म, कुचिपुड़ी, कथकली, सत्रिया के कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। साथ ही लोकरंजन समारोह में विभिन्न राज्यों के जनजातीय और लोक नृत्यों के साथ गायन प्रस्तुतियां दी जाएगी।
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खजुराहो डांस फेस्टिवल की शुरुआत 20 फरवरी से हो रही है।
- फोटो : फाइल फोटो
संस्कृति और विरासत के उत्सव “खजुराहो नृत्य समारोह- 2024” का शुभारंभ मंगलवार से होगा। इस सात दिवसीय समारोह में विश्व धरोहर स्थल खजुराहो की धरती पर सभी प्रमुख शास्त्रीय नृत्य शैलियों जैसे भरतनाट्यम, ओडीसी, कथक, मोहिनीअटेम में प्रसिद्ध और नामचीन कलाकार शास्त्रीय नृत्यों के समृद्ध सांस्कृतिक रूप को प्रस्तुत करेंगे। इस समारोह का शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव करेंगे।
राष्ट्रीय समारोह लोकरंजन का आयोजन 20 से 26 फरवरी तक किया जा रहा है।
- फोटो : फाइल फोटो
खजुराहो नृत्य महोत्सव 1975 में शुरू हुआ था। स्वर्ण जयंती वर्ष को अविस्मरणीय बनाने के लिए आगंतुक भव्य समारोह में प्रत्येक कदम के साथ संस्कृति और दिव्यता की लय का अनुभव करेंगे। इस उपलब्धि को खास और यादगार बनाने के लिए संस्कृति विभाग की ओर से कथक कुंभ का आयोजन किया जा रहा है। पहले दिन कथक नृत्य के 1500 से 1800 कलाकार सामूहिक नृत्य ‘‘कथक कुंभ’’ प्रस्तुत कर ‘विश्व रिकॉर्ड’ बनाएंगे।
खजुराहो डांस फेस्टिवल की शुरुआत 20 फरवरी से हो रही है।
- फोटो : फाइल फोटो
संस्कृति विभाग के अंतर्गत उस्ताद अलाउद्दीन खान संगीत एवं कला अकादमी द्वारा पर्यटन विभाग, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण और मध्य प्रदेश संस्कृति परिषद के संयुक्त तत्वाधान में महोत्सव का आयोजन किया जा रहा है। समारोह के पहले दिन पद्मश्री रंजना गौहर और साथियों द्वारा ओडिसी समूह की मनमोहक प्रस्तुति के साथ समारोह की शुरुवात होगी। साथ ही दिल्ली की सुधाना शंकर के भरतनाट्यम नृत्य की ओजस्वी प्रस्तुति मंदिर की शिलाओं को सजीव कर उठेगी। दूसरे दिन शेंकी सिंह द्वारा कथक, पुणे की कलावर्धनी नृत्य कंपनी की सयाली काने द्वारा भरतनाट्यम समूह नृत्य, भुवनेश्वर की अरूपा गायत्री पांडा द्वारा ओडिसी और श्रीगणेश नृत्य कला मंदिर मुंबई की मनाली देव द्वारा कथक समूह नृत्य की प्रस्तुति दी जाएगी। समारोह का तीसरा दिन पद्म श्री पुरु दाधीच, हर्षिता धाधीच और समूह के कथक समूह नृत्य के नाम रहेगा। इसके साथ साक्षी शर्मा द्वारा कथक, दिल्ली की कस्तूरी पटनायक द्वारा ओडिसी समूह नृत्य, केरल के विद्या प्रदीप द्वारा मोहिनी-अट्टम की प्रस्तुति दी जाएगी।
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खजुराहो डांस फेस्टिवल की शुरुआत 20 फरवरी से हो रही है।
- फोटो : फाइल फोटो
संग्रहालय द्वारा पारंपरिक कलाओं का राष्ट्रीय समारोह लोकरंजन का आयोजन 20 से 25 फरवरी तक किया जा रहा है। 20 फरवरी से “आदिवर्त संग्रहालय” का समय दोपहर 12 बजे से रात 9 बजे तक पर्यटकों और दर्शकों के लिए किया गया है। खजुराहो नृत्य समारोह में प्रमुख शास्त्रीय नृत्य शैलियों जैसे भरतनाट्यम, ओडिसी, कथक, मोहिनीअटट्म, कुचिपुड़ी, कथकली, सत्रिया के कलाकार अपनी कला का प्रदर्शन करेंगे। साथ ही लोकरंजन समारोह में विभिन्न राज्यों के जनजातीय और लोक नृत्यों के साथ गायन प्रस्तुतियां दी जाएगी।
नृत्य समारोह में महासमागम में शास्त्रीय नृत्य कला और संस्कृति पर आधारित विभिन्न गतिविधियां भी आकर्षण का केंद्र रहेंगी। भारतीय नृत्य शैलियों और कलायात्रा को प्रदर्शित करने के लिए नेपथ्य सहित विभिन्न गतिविधियां, कलावार्ता - कलाकारों के बीच संवाद, हुनर - देशज ज्ञान और कला परंपरा का मेला, वरिष्ठ चित्रकार शंकर शिंदे के कला अवदान पर आधारित चित्र प्रदर्शनी प्रणति, समष्टि: टेराकोटा और सिरेमिक राष्ट्रीय प्रदर्शनी-कार्यशाला, वर्तनी: अंतर्राष्ट्रीय छापाकला, लयशाला: उत्सव के दौरान महान गुरुओं के साथ शिष्यों का संगम और कार्यशाला होगी।
नृत्य समारोह में महासमागम में शास्त्रीय नृत्य कला और संस्कृति पर आधारित विभिन्न गतिविधियां भी आकर्षण का केंद्र रहेंगी। भारतीय नृत्य शैलियों और कलायात्रा को प्रदर्शित करने के लिए नेपथ्य सहित विभिन्न गतिविधियां, कलावार्ता - कलाकारों के बीच संवाद, हुनर - देशज ज्ञान और कला परंपरा का मेला, वरिष्ठ चित्रकार शंकर शिंदे के कला अवदान पर आधारित चित्र प्रदर्शनी प्रणति, समष्टि: टेराकोटा और सिरेमिक राष्ट्रीय प्रदर्शनी-कार्यशाला, वर्तनी: अंतर्राष्ट्रीय छापाकला, लयशाला: उत्सव के दौरान महान गुरुओं के साथ शिष्यों का संगम और कार्यशाला होगी।
