शरीर को स्वस्थ और फिट रखने के लिए स्वास्थ्य विशेषज्ञ सभी लोगों को रोजाना योग-व्यायाम के अभ्यास की सलाह देते हैं। योग का अभ्यास शरीर और मन दोनों के लिए काफी लाभकारी माना जाता है। योग विशेषज्ञ कहते हैं, सभी लोगों को दिनचर्या में सूर्य नमस्कार के कम से दो योगासनों को जरूर शामिल करना चाहिए। सूर्य ऊर्जा, शक्ति और जीवन शक्ति का प्रतिनिधित्व करता है, ऐसे में सूर्य नमस्कार आसन आपके शरीर और मन दोनों के लिए लाभकारी हो सकता है।
Yoga Tips: सभी लोगों को रोजाना जरूर करने चाहिए सूर्य नमस्कार के ये आसन, इम्युनिटी बढ़ाने के लिए कारगर
प्रणामासन के लाभ
प्रणामासन योग सबसे आसान लेकिन अत्यंत प्रभावी योगाभ्यासों में से एक है। शांत बैठकर किया जाने वाला यह अभ्यास तंत्रिका तंत्र को मजबूत बनाने, पाचन में सुधार करने, शरीर की मुद्रा को ठीक बनाए रखने और मानसिक शांति के लिए विशेष कारगर हो सकता है। विशेषकर मानसिक स्वास्थ्य के लिए इस योगासन के अभ्यास की आदत शरीर को लाभ दे सकती है। सेंडेंटरी लाइफस्टाइल के कारण जिन लोगों को शारीरिक मुद्रा से संबंधित समस्या है उनको प्रणामासन के अभ्यास से लाभ मिल सकता है।
ताड़ासन योग करने के लाभ
ताड़ासन को माउंटेन पोज़ या पर्वतासन योग के अभ्यास के तौर पर भी जाना जाता है। खड़े होकर किया जाने वाला यह योगाभ्यास शारीरिक मुद्रा को ठीक रखने और रक्त के प्रवाह के बेहतर बनाए रखने में कारगर माना जाता है। ताड़ासन योग शारीरिक मुद्रा और समन्वय में सुधार करने और साइटिक के दर्द से छुटकारा दिलाने का सबसे प्रभावी तरीका हो सकता है। कोर की मांसपेशियों को टोन करने और पीठ, कूल्हों और पैरों को मजबूत करने में भी इस योग को फायदेमंद पाया गया है।
भुजंगासन योग
भुजंगासन योग यानि कि कोबारा पोज के नियमित अभ्यास की आदत को शारीरिक और मानसिक दोनों तरह की सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है। यह रीढ़ को मजबूत करता है, छाती और फेफड़ों के साथ कंधों और पेट के अंगों की बेहतर स्ट्रेचिंग करने में भी सहायक है। तनाव और थकान को दूर करने में इसके अभ्यास से लाभ पाया जा सकता है। अध्ययनों में पाया गया है कि जिन लोगों को अस्थमा की शिकायत होती है उन्हें भी इस योग के अभ्यास से लाभ मिल सकता है।
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नोट: यह लेख योगगुरु के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है। आसन की सही स्थिति के बारे में जानने के लिए किसी विशेषज्ञ से संपर्क कर सकते हैं।
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