दुनिया के कई हिस्सों में ढाई साल से अधिक समय से जारी कोरोना महामारी के बीच इस साल कई तरह के और भी संक्रमण के मामले बढ़े हुए देखे गए हैं। भारत सहित कई देशों में कोरोना के नए वैरिएंट्स के साथ मंकीपॉक्स और टोमैटो फीवर के भी मामले रिपोर्ट किए गए। इस तरह के संक्रमण को विशेषज्ञ काफी गंभीर जटिलताओं वाला मानते हैं। क्या हो अगर किसी व्यक्ति में एक साथ कोविड-19, मंकीपॉक्स और कोई अन्य बीमारी हो जाए?
अजब: एक ही समय में कोविड-19, मंकीपॉक्स और HIV से संक्रमित मिला शख्स, दुनिया का पहला ऐसा मामला
केस के अध्ययन में क्या पता चला?
जर्नल ऑफ इंफेक्शन में प्रकाशित इस केस के विवरण से पता चलता है कि किसी भी व्यक्ति में एक साथ दो या उससे अधिक संक्रमण हो सकते हैं। शोधकर्ता कहते हैं, इस केस से समझने को मिलता है कि मंकीपॉक्स और कोविड -19 लक्षण कैसे ओवरलैप हो सकते हैं? एनामेनेस्टिक कलेक्शन के आधार पर सही निदान किया जा सकता है। इससे रोगी की मेडिकल हिस्ट्री को पता करना आसान होता है।
इस केस में खास बात यह है कि जिन तीन बीमारियों का व्यक्ति में पता चला है उसमें से एक को एंडमिक और दूसरे को पेंडमिक घोषित किया जा चुका है। यह बताता है कि दुनियाभर में इस समय कोविड-19 और मंकीपॉक्स का संक्रमण जारी है।
सबसे पहले कोरोना के थे लक्षण, फिर मंकीपॉक्स का पता चला
इस अध्ययन की रिपोर्ट में शोधकर्ताओं ने बताया कि मंकीपॉक्स और सार्स सीओवी-2 का संक्रमण एक साथ हो सकता है। इस संक्रमित व्यक्ति को जून के आखिरी हफ्ते में स्पेन की यात्रा से लौटने के 9 दिनों बाद पहली बार बुखार, गले में खराश और सिरदर्द जैसे लक्षणों को अनुभव हुआ था। जांच में इसका कोविड-19 रिपोर्ट पॉजिटिव आया। अगले ही दिन उसने हाथ पर दाने होने की भी शिकायत की। कुछ दिनों में ये दाने पूरे शरीर में बढ़ने लगे। लक्षणों और हाल ही में स्पेन की यात्रा के आधार पर, डॉक्टरों ने व्यक्ति में कोविड-19 के साथ मंकीपॉक्स संक्रमण की भी पुष्टि की।
एचआईवी संक्रमण की भी पुष्टि
मंकीपॉक्स के लिए चूंकि यौन संबंधों को एक कारक के तौर पर देखा जा रहा है, ऐसे में इसकी पूछताछ में व्यक्ति ने बताया कि स्पेन में रहते हुए उसने कई पुरुषों के साथ असुरक्षित यौन संबंध भी बनाए थे। इससे पहले भी उसके असुरक्षित यौन संबंधों की हिस्ट्री रह चुकी है। आगे की जांच में उसमें एचआईवी संक्रमण की भी पुष्टि की गई है।
रिपोर्ट के मुताबिक व्यक्ति में ओमिक्रॉन BA.5.1 वैरिएंट के कारण कोरोना का संक्रमण है। फिलहाल इलाज के माध्यम से संक्रमित में कोविड-19 और मंकीपॉक्स के लक्षणों को काफी हद तक कंट्रोल कर लिया गया है।
क्या कहते हैं अध्ययनकर्ता?
अध्ययनकर्ताओं का कहना है कि वैसे तो यह तीन बीमारियों के एक साथ निदान का पहला मामला है, पर ऐसी दिक्कत किसी को भी हो सकती है। कम प्रतिरक्षा वाले लोगों में पहले भी को-इंफेक्शन के मामले देखे जाते रहे हैं। ऐसे लोगों में एक साथ कई तरह के संक्रमण होने का जोखिम अधिक हो सकता है। इम्युनोसुप्रेशन लोगों में किसी भी प्रकार के संक्रमण के दौरान डॉक्टरों को अन्य संभावित जोखिमों की भी जांच जरूर करनी चाहिए।