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Stress Eating: क्या मूड खराब होते ही आपको भी लग जाती है भूख? जानिए स्ट्रेस ईटिंग के संकेत और इसे रोकने के उपाय
Tue, 21 Jul 2026 01:59 PM IST
Shruti Gaur
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: Shruti Gaur
Updated Tue, 21 Jul 2026 01:59 PM IST
सार
Overeating Causes: आपने अक्सर देखा होगा कि कुछ लोग ऐसे होते हैं, जिन्हें हर थोड़ी देर में कुछ न कुछ खाने का मन करता है। इसके पीछे की असली वजह क्या होती है, आइए जानते हैं।
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तनाव में ज्यादा खाने की आदत कैसे करें कंट्रोल?
- फोटो : AI
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Overeating Causes: क्या आपको भी बार-बार कुछ खाने का मन करता है, खासकर तब जब आप तनाव में हों, परेशान हों या अकेलापन महसूस कर रहे हों? अगर हां, तो यह सिर्फ भूख नहीं बल्कि स्ट्रेस ईटिंग का संकेत हो सकता है। आजकल की तेज रफ्तार जिंदगी, काम का दबाव, चिंता और भावनात्मक उतार-चढ़ाव का असर हमारी खाने की आदतों पर भी पड़ता है।
तनाव में ज्यादा खाने की आदत कैसे करें कंट्रोल?
- फोटो : AI
सबसे पहले ये समझें कि स्ट्रेस ईटिंग क्या है?
स्ट्रेस ईटिंग एक ऐसी स्थिति है जिसमें व्यक्ति वास्तविक भूख के बजाय तनाव, चिंता, गुस्सा, उदासी या भावनात्मक परेशानी के कारण खाना शुरू कर देता है। इसमें व्यक्ति अक्सर ऐसे खाद्य पदार्थों की तरफ आकर्षित होता है जिनमें शुगर, फैट और कैलोरी ज्यादा होती है। तनाव के समय शरीर में कॉर्टिसोल नामक हार्मोन का स्तर बढ़ सकता है, जिससे भूख बढ़ने और ज्यादा खाने की इच्छा हो सकती है।
स्ट्रेस ईटिंग एक ऐसी स्थिति है जिसमें व्यक्ति वास्तविक भूख के बजाय तनाव, चिंता, गुस्सा, उदासी या भावनात्मक परेशानी के कारण खाना शुरू कर देता है। इसमें व्यक्ति अक्सर ऐसे खाद्य पदार्थों की तरफ आकर्षित होता है जिनमें शुगर, फैट और कैलोरी ज्यादा होती है। तनाव के समय शरीर में कॉर्टिसोल नामक हार्मोन का स्तर बढ़ सकता है, जिससे भूख बढ़ने और ज्यादा खाने की इच्छा हो सकती है।
तनाव में ज्यादा खाने की आदत कैसे करें कंट्रोल?
- फोटो : AI
बार-बार खाने का मन क्यों करता है?
तनाव और चिंता
जब व्यक्ति तनाव में होता है तो दिमाग तुरंत ऐसी चीजों की तलाश करता है जो उसे आराम या खुशी का एहसास करा सकें। मीठा या पसंदीदा खाना कुछ समय के लिए मूड बेहतर कर सकता है, इसलिए लोग बार-बार खाने लगते हैं।
भावनात्मक भूख
कई बार पेट भरा होने के बावजूद व्यक्ति खाने की इच्छा महसूस करता है। यह भूख शरीर की जरूरत नहीं बल्कि भावनाओं से जुड़ी होती है।
नींद की कमी
कम नींद लेने से शरीर में भूख बढ़ाने वाले हार्मोन प्रभावित हो सकते हैं। इससे मीठा, तला-भुना या ज्यादा कैलोरी वाला भोजन खाने की इच्छा बढ़ सकती है।
बोरियत और अकेलापन
कई लोग खाली समय में या अकेलेपन के दौरान सिर्फ आदत के कारण खाना शुरू कर देते हैं। यह धीरे-धीरे एक आदत बन सकती है।
तनाव और चिंता
जब व्यक्ति तनाव में होता है तो दिमाग तुरंत ऐसी चीजों की तलाश करता है जो उसे आराम या खुशी का एहसास करा सकें। मीठा या पसंदीदा खाना कुछ समय के लिए मूड बेहतर कर सकता है, इसलिए लोग बार-बार खाने लगते हैं।
भावनात्मक भूख
कई बार पेट भरा होने के बावजूद व्यक्ति खाने की इच्छा महसूस करता है। यह भूख शरीर की जरूरत नहीं बल्कि भावनाओं से जुड़ी होती है।
नींद की कमी
कम नींद लेने से शरीर में भूख बढ़ाने वाले हार्मोन प्रभावित हो सकते हैं। इससे मीठा, तला-भुना या ज्यादा कैलोरी वाला भोजन खाने की इच्छा बढ़ सकती है।
बोरियत और अकेलापन
कई लोग खाली समय में या अकेलेपन के दौरान सिर्फ आदत के कारण खाना शुरू कर देते हैं। यह धीरे-धीरे एक आदत बन सकती है।
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तनाव में ज्यादा खाने की आदत कैसे करें कंट्रोल?
- फोटो : AI
स्ट्रेस ईटिंग के संकेत
- बिना भूख के खाना
- तनाव के समय ज्यादा खाना
- मीठा और जंक फूड खाने की इच्छा बढ़ना
- खाने के बाद अपराधबोध महसूस होना
- खाने पर नियंत्रण न रख पाना
- बार-बार स्नैकिंग करना
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तनाव में ज्यादा खाने की आदत कैसे करें कंट्रोल?
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स्ट्रेस ईटिंग से होने वाले नुकसान
अगर स्ट्रेस ईटिंग लंबे समय तक जारी रहती है, तो इससे कई समस्याएं हो सकती हैं:
अगर स्ट्रेस ईटिंग लंबे समय तक जारी रहती है, तो इससे कई समस्याएं हो सकती हैं:
- वजन बढ़ना
- मोटापा
- ब्लड शुगर बढ़ना
- पाचन संबंधी समस्याएं
- आत्मविश्वास में कमी
- खराब खान-पान की आदत