फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

प्रेग्नेंसी: 35 की उम्र के बाद मां बनने में क्यों बढ़ जाती हैं मुश्किलें? समझें एग क्वालिटी का गणित

Thu, 22 Oct 2026 06:20 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अभिलाष श्रीवास्तव Updated Thu, 22 Oct 2026 06:20 PM IST
सार

Pregnancy Complications: 35 वर्ष के बाद महिलाओं की प्रजनन क्षमता में गिरावट आ सकती है, क्योंकि अंडों की संख्या और गुणवत्ता उम्र के साथ बदलती है। एएमएच और अल्ट्रासाउंड जैसी जांच ओवेरियन रिजर्व समझने में मदद करती हैं। सही समय पर विशेषज्ञ से सलाह लेना महत्वपूर्ण है।

विज्ञापन
Pregnancy After 35 How Age Affects Female Fertility and Egg Quality
प्रेग्नेंसी की जरूरी बातें - फोटो : Amarujala.com/AI

मां बनना किसी भी महिला के जीवन का सबसे खास अनुभव होता है। हालांकि जिस तरह से लोगों की दिनचर्या और खानपान में गड़बड़ी बढ़ती जा रही है, इसने प्रग्नेंसी से संबंधित जटिलताओं को भी काफी बढ़ा दिया है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, जो चीजें सामान्य तौर पर गर्भधारण का खतरा बढ़ाती जा रही हैं, उम्र का बढ़ना उनमें से एक है। बढ़ती उम्र के साथ गर्भधारण की संभावनाओं में बदलाव आने लगता है। खासतौर पर 35 वर्ष की उम्र के बाद महिलाओं की प्रजनन क्षमता में गिरावट अपेक्षाकृत तेज हो सकती है।



स्वास्थ्य विशेषज्ञ बताते हैं, महिलाओं का जन्म सीमित संख्या में अंडों के साथ होता है और यही अंडे उनके पूरे  उम्र तक चलते रहते हैं। उम्र बढ़ने के साथ अंडाशय में मौजूद अंडों की संख्या और उनकी गुणवत्ता कम होने लग जाती है। इससे गर्भधारण में अधिक समय लग सकता है और गर्भपात का जोखिम भी बढ़ सकता है।

ऐसे में सवाल ये है कि क्या 35 वर्ष के बाद मां बनना संभव नहीं है? 

Trending Videos
Pregnancy After 35 How Age Affects Female Fertility and Egg Quality
गर्भावस्था के लिए जरूरी बातें - फोटो : Adobe Stock Photo

35 की उम्र के बाद गर्भधारण

स्त्री रोग विशेषज्ञ बताती हैं, कई महिलाएं इस उम्र के बाद भी स्वस्थ गर्भधारण कर सकती हैं। हालांकि सामान्यतौर पर माना जाता रहा है कि 35 की उम्र के बाद गर्भधारण से संबंधित जटिलताएं ज्यादा हो सकती हैं। यही कारण है कि सभी महिलाओं को सही समय पर जांच, जीवनशैली में सुधार और जरूरत पड़ने पर विशेषज्ञ जरूरी हो जाता है। 
 

  • महिलाओं के अंडाशय में मौजूद अंडों की संख्या उम्र के साथ प्राकृतिक रूप से कम होती जाती है। इसे ओवेरियन रिजर्व में कमी कहा जाता है। 
  • इसके अलावा, बढ़ती उम्र के साथ अंडों में क्रोमोसोम की असामान्यताएं होने का खतरा भी बढ़ जाता है।
  • इससे निषेचन में परेशानी, भ्रूण के विकास में बाधा या गर्भपात का जोखिम बढ़ सकता है।
Pregnancy After 35 How Age Affects Female Fertility and Egg Quality
गर्भधारण की सही उम्र क्या है? - फोटो : Freepik.com

गर्भधारण के लिए सबसे अच्छा समय कौन सा है?

ज्यादातर विशेषज्ञों का मानना है कि वैसे तो 40 की उम्र तक गर्भधारण हो सकता है। हालांकि लाइफस्टाइल और खानपान की गड़बड़ी ने गर्भधारण को थोड़ा मुश्किल बना दिया है। वैसे तो हर महिला की प्रजनन क्षमता अलग होती है। केवल उम्र के आधार पर यह तय नहीं किया जा सकता कि कोई महिला गर्भधारण कर पाएगी या नहीं।
 

  • 20 और 30 की शुरुआती उम्र में सामान्यतः प्रजनन क्षमता सबसे अधिक होती है। ये गर्भधारण के लिए सबसे अच्छी उम्र मानी जाती है।
  • 35 वर्ष के आसपास प्रजनन क्षमता में गिरावट होने लग जाती है।
  • 40 वर्ष के बाद यह गिरावट आमतौर पर अधिक तेज होती है, जिससे गर्भधारण कठिन हो जाता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Pregnancy After 35 How Age Affects Female Fertility and Egg Quality
डाइट का रखें ध्यान - फोटो : Freepik.com

एग क्वालिटी और प्रजनन क्षमता में कैसें करें सुधार

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, 35 वर्ष या उससे अधिक उम्र में गर्भधारण की कोशिश के छह महीने बाद भी सफलता न मिले, तो फर्टिलिटी विशेषज्ञ से सलाह लें। अनियमित पीरियड्स या अन्य समस्याएं हों तो इसकी जांच जरूर का लें।

एग क्वालिटी और प्रजनन क्षमता दोनों में सुधार के लिए पौष्टिक भोजन, नियमित व्यायाम, अच्छी नींद और धूम्रपान से दूरी बनाना बहुत जरूरी है। गर्भधारण की प्लानिंग करते समय आमतौर पर प्रतिदिन 400 माइक्रोग्राम फोलिक एसिड लेने की सलाह दी जाती है। इसके लिए डॉक्टर की सलाह से दवाएं ले सकती हैं। 



--------------
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed