गर्दन में हो रहे दर्द की न करें अनदेखी, भुगतने पड़ सकते हैं एेसे गंभीर परिणाम
गर्दन में दर्द होने के बहुत से कारण हो सकते हैं। इसमें कंप्यूटर और मोबाइल पर बहुत दर तक काम करना या फिर गलत तरीके से बैठ कर पढ़ना और शरीर का पोस्चर सही न रखना शामिल है। इसके साथ ही उम्र बढ़ने के कारण भी गर्दन में दर्द होना शुरू हो जाता है। सामान्य रूप से होने वाले दर्द में तो व्यायाम से आराम मिल जाता है लेकिन अगर यह दर्द लगातार शरीर के और हिस्सों में तकलीफ की वजह बन रहा है तो इसका इलाज जरूरी है क्योंकि अगर दर्द के लक्षणों को लगातार नजरअंदाज किया जाएगा तो इससे लकवा का खतरा बढ़ जाता है।
अगर किसी के गर्दन में होने वाला सामान्य सा दर्द सर्वाइल पेन में बदल रहा है तो फिर उसके गर्दन के साथ ही यह दर्द हाथों तक पहुंच जाएगा या फिर हाथों-पैरों में झुनझुनी के रूप मे सामने आएगा। अगर किसी के गर्दन की मांसपेशियों में कड़ापन या खिंचाव हो जाता है जिसके कारण सिर के पिछले हिस्से और कंधे में दर्द होता है और शरीर पर संतुलन नही रहता है तो फिर इसे गंभीरता से लेना चाहिए। क्योंकि इसकी वजह से आपको गंभीर परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं।
गर्दन में होने वाले दर्द में वैसे तो नियमित रूप से व्यायाम करने से आराम मिल जाता है। साथ ही शरीर के पोश्चर को सही रखने से भी यह ठीक हो सकता है। लेकिन अगर लक्षण सर्वाइकल पेन के हो तो फिर जरूरी है कि आप तुरंत किसी अच्छे डॉक्टर से संपर्क करें। इसी में आपकी भलाई है।