माइग्रेन वैसे तो एक प्रकार के गंभीर सिरदर्द की स्थिति है, हालांकि सामान्य सिरदर्द से अलग इसमें अक्सर सिर के एक हिस्से और आंखों में तेज दर्द की समस्या होती है। बहुत से लोगों को माइग्रेन में दर्द के साथ मितली जैसी दिक्कत भी हो सकती है, कुछ स्थितियों में उल्टी के बाद दर्द कम भी हो जाता है। हालांकि माइग्रेन की स्थिति काफी असहज करने वाली और दर्दकारक मानी जाती है।
ध्यान दें: माइग्रेन सिर्फ सिरदर्द नहीं, मनोरोगों का भी हो सकता है संकेत, जानिए कैसे पाएं इस समस्या में आराम?
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मानसिक विकारों के कारण माइग्रेन की समस्या
शोधकर्ताओं ने पाया कि चिंता-तनाव और अवसाद जैसी स्थितियों में माइग्रेन की समस्या होने का खतरा अधिक होता है। यही कारण है कि माइग्रेन की स्थिति में स्वास्थ्य विशेषज्ञ आमतौर पर मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं के बारे में भी पूछते हैं। कुछ अध्ययन में शोधकर्ताओं ने सिज़ोफ्रेनिया और माइग्रेन के बीच नैदानिक संबंध पाया है। यही कारण है कि डॉक्टर्स कहते हैं कि यदि आपको लंबे समय से माइग्रेन की दिक्कत बनी हुई है और सामान्य उपचार माध्यमों से यह ठीक नहीं हो रही है तो इस बारे में किसी मनोरोग विशेषज्ञ की मदद ली जानी चाहिए। आइए जानते हैं कि माइग्रेन में किन उपायों को प्रयोग में लाकर आराम पाया जा सकता है?
अदरक है माइग्रेन में फायदेमंद
नैदानिक परीक्षणों की समीक्षा में शोधकर्ताओं ने पाया कि अदरक से माइग्रेन की समस्या में लाभ पाया जा सकता है। वैज्ञानिकों ने पाया कि अदरक का पाउडर माइग्रेन से पीड़ित लोगों के इलाज में सुरक्षित और प्रभावी हो सकता है। इससे 2 घंटे में माइग्रेन के दर्द को काफी हद तक कम करने और मतली और उल्टी को रोकने में भी मदद मिल सकती है। हालांकि शोधकर्ताओं का कहना है कि सभी लोगों में यह उपचार प्रभावी नहीं है। इसकी प्रमाणिकता के लिए और अधिक शोध की आवश्यकता है।
स्ट्रेस मैनेजमेंट से मिलता है लाभ
चूंकि अध्ययन इस बात की पुष्टि करते आए हैं कि माइग्रेन, मनोरोग विकारों के कारण होने वाली समस्या हो सकती है, ऐसे में स्ट्रेस मैनेजमंट के उपायों को प्रयोग में लाकर माइग्रेन में लाभ पाया जा सकता है। डॉक्टर्स कहते हैं, 10 में से 7 लोगों में तनाव के कारण माइग्रेन के लक्षण पैदा होते हैं। गुनगुने पानी से स्नान, संगीत सुनना या लंबी सांस लेने वाले स्ट्रेस मैनेजमंट के उपायों से माइग्रेन की स्थिति में लाभ पाया जा सकता है।
मैग्नीशियम वाली चीजों का करें सेवन
शरीर के लिए मैग्नीशियम, आवश्यक खनिजों में से एक है, इसकी कमी से भी माइग्रेन हो सकता है। शोध में पाया गया है कि मैग्नीशियम सप्लीमेंट्स लेने से कुछ लोगों को माइग्रेन अटैक की स्थिति में लाभ मिल सकता है। आहार के माध्यम से भी मैग्नीशियम वाली चीजों का सेवन करके लाभ पाया जा सकता है इसके लिए चोकरयुक्त गेहूं, पालक, बादाम, काजू और मूंगफली, डार्क चॉकलेट और एवोकाडो का सेवन किया जा सकता है। ध्यान रहे बिना किसी डॉक्टरी सलाह के मैग्नीशियम या किसी भी प्रकार का सप्लीमेंट्स नहीं लिया जाना चाहिए।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सुझाव के आधार पर तैयार किया गया है।
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