कोरोना महामारी, पिछले दो साल से अधिक समय से पूरी दुनिया के लिए चिंता का कारण बनी हुई है। कोरोना के कुछ वैरिएंट्स ने एक ओर जहां गंभीर रोग के मामलों में तेजी से इजाफा किया, वहीं इस समय दुनियाभर के लिए चिंता का कारण बने ओमिक्रॉन और इसके सब-वैरिएंट्स की संक्रामकता दर परेशानियां बढ़ाने वाली है।
Covid-19: गंभीर रोग और मृत्युदर का कम होगा खतरा, वैज्ञानिकों ने खोज निकाला बेहद प्रभावी तरीका
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हार्मोन रिप्लेसमेंट थेरेपी से बच सकती है जान
जर्नल फैमिली प्रेक्टिस में प्रकाशित एक शोध में वैज्ञानिकों ने बताया कि कोविड-19 के निदान के छह महीने के भीतर अगर हार्मोन रिप्लेसमेंट थेरेपी ले ली जाए तो इस वायरल बीमारी के दुष्प्रभावों से मृत्युदर के जोखिम को काफी हद तक कम किया जा सकता है। इस अध्ययन के लिए शोधकर्ताओं ने कोविड-19 की शिकार महिलाओं में हार्मोन रिप्लेसमेंट थेरेपी या कंबाइंड ओरल कांट्रिसेप्टिव के प्रभावों का विश्लेषण किया। इसके आधार पर शोधकर्ताओं ने इस तरीके को काफी कारगर बताया है।
मौखिक गर्भनिरोधक और कोविड-19 का जोखिम
ऑक्सफोर्ड और साउथेम्प्टन यूनिवर्सिटी के शोधकर्ताओं की टीम ने 18 साल से अधिक आयु वाली 1,863,478 महिलाओं पर यह शोध किया । इस अध्ययन के लिए वैज्ञानिकों ने मौखिक गर्भनिरोधक के सेवन और कोविड-19 के कम खतरे के बीच लिंक को जानने की कोशिश की।
असल में गर्भनिरोधक गोलियों में एस्ट्रोजन हार्मोन अधिक होता है। वहीं कुछ अध्ययनों के विश्लेषण में यह भी पाया गया है कि मौखिक गर्भनिरोधक लेने वाली महिलाओं में कोविड-19 का जोखिम भी कम होता है। इस शोध के दौरान यह जानने की कोशिश की गई कि क्या इस तरह के हार्मोन रिप्लेसमेंट के माध्यम से कोविड-19 से मौत के खतरे को कम किया जा सकता है?
अध्ययन में क्या पता चला?
महिला और पुरुषों के डेटा अध्ययन और विश्लेषण के आधार पर वैज्ञानिकों का कहना है कि एस्ट्रोजन, कोविड-19 से होने वाली मौत के खतरे को कम करने में मदद कर सकती है। शोधकर्ताओं ने नोट किया कि वैसे तो पुरुष और महिलाएं समान रूप से सार्स-सीओवी-2 वायरस के प्रति संवेदनशील होते हैं, हालांकि पुरुषों में महिलाओं की तुलना में अधिक गंभीर संक्रमण और मृत्यु का खतरा अधिक पाया गया। शोध के परिणाम में वैज्ञानिकों ने पाया कि कम उम्र की महिलाओं या हाई एस्ट्रोजन के स्तर वाले लोगों में कोविड-19 जटिलताओं की आशंका कम होती है।
क्या कहते हैं विशेषज्ञ?
अध्ययन के निष्कर्ष में रिसर्च के लेखकों में से एक प्रोफेसर क्रिस्टोफर विलकॉक्स कहते हैं, इस शोध से इतना तो स्पष्ट हो गया है कि एस्ट्रोजन, गंभीर कोविड-19 रोग के खिलाफ सुरक्षा प्रदान कर सकता है। हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि कोविड-19 की गंभीरता से बचने के लिए आप खुद से एस्ट्रोजन बढ़ाने वाले उपाय शुरू कर दें। इसके भी कई तरह के गंभीर दुष्प्रभाव हो सकते हैं। गंभीर रोग की स्थिति में रोगियों की जान बचाने के लिए इस अध्ययन के परिणाम काफी मददगार साबित हो सकते हैं।
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स्रोत और संदर्भ
Mortality in COVID-19 among women on hormone replacement therapy: a retrospective cohort study
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