Calcium Supplements: आजकल हड्डियों को मजबूत रखने के लिए कैल्शियम सप्लीमेंट्स लेना काफी आम हो गया है। खासकर बढ़ती उम्र में या महिलाओं में अक्सर कैल्शियम की कमी पाई जाती है। लेकिन, क्या आप जानते हैं कि सिर्फ कैल्शियम की गोली खा लेने भर से आपकी हड्डियों को पूरा फायदा नहीं मिलता, बल्कि कई बार यह आपके लिए नुकसानदायक भी साबित हो सकता है? कैल्शियम शरीर के लिए बहुत जरूरी है, लेकिन कैल्शियम का सप्लीमेंट कुछ अन्य विटामिनों के साथ मिलकर ही यह अपना काम ठीक से कर पाता है।
Health Tips: अगर आप भी लेते हैं कैल्शियम सप्लीमेंट तो जरूर जान लें ये बातें, वरना पड़ सकते हैं लेने के देने
अक्सर लोगों को कैल्शियम सप्लीमेंट्स लेने की जरूरत पड़ती है। अगर बिना एक्सपर्ट्स के सलाह से कैल्शियम लिया जाए तो ये हार्ट अटैक जैसी गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ा सकता है। इसलिए आइए डॉक्टर से इस लेख में कैल्शियम लेने के सही तरीके के बारे में जानते हैं।
कैल्शियम के साथ विटामिन डी3 क्यों जरूरी?
हम अक्सर सोचते हैं कि हड्डियों के लिए सिर्फ कैल्शियम ही काफी है, लेकिन यह सच नहीं है। अगर आप सिर्फ कैल्शियम सप्लीमेंट्स लेते रहेंगे, तो यह आपके शरीर में ठीक से एब्जॉर्ब (अवशोषित) नहीं होगा। यहां पर विटामिन डी3 की भूमिका आती है। डॉक्टर आशीष कुमार के मुताबिक विटामिन डी3 एक चाबी की तरह काम करता है, जो आपकी आंतों के दरवाजे खोलता है, ताकि कैल्शियम अंदर आ सके और खून में मिल सके।
बिना पर्याप्त विटामिन डी3 के, आपकी आंतें कैल्शियम को ठीक से सोख ही नहीं पाएंगी। ऐसे में, आप जितना भी कैल्शियम खाते रहेंगे, वह शरीर से बिना इस्तेमाल हुए ही बाहर निकल जाएगा। बिना विटामिन डी3 के कैल्शियम आपके शरीर में बेकार हो जाएगा और आपकी हड्डियों तक कभी नहीं पहुंचेगा, जिससे आपकी हड्डियों को कोई फायदा नहीं मिलेगा।
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कैल्शियम और विटामिन डी3 के साथ विटामिन के2 क्यों लेना चाहिए?
चलिए मान लेते हैं कि आपने कैल्शियम के साथ विटामिन डी3 भी लेना शुरू कर दिया। अब कैल्शियम आपकी आंतों में ठीक से एब्जॉर्ब हो गया और खून में मिल गया। लेकिन अब इस कैल्शियम को सही जगह, यानी आपकी हड्डियों और दांतों तक पहुंचाना है। यहीं पर विटामिन के2 की भूमिका शुरू होती है।
विटामिन के2 एक मार्गदर्शक की तरह काम करता है, जो कैल्शियम को बताता है कि उसे कहां जाना है। अगर आपके शरीर में विटामिन के2 की कमी है, तो एब्जॉर्ब हुआ सारा कैल्शियम आपकी हड्डियों तक पहुंचने के बजाय, आपकी धमनियों में जमा होना शुरू हो सकता है। धमनियों में कैल्शियम का जमना उन्हें सख्त बना देता है, जिससे हार्ट अटैक, स्ट्रोक और अन्य हृदय संबंधी बीमारियों का खतरा काफी बढ़ जाता है। इसलिए, विटामिन के2 यह सुनिश्चित करता है कि कैल्शियम सही जगह पर इस्तेमाल हो और गलत जगह पर जमा न हो।
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तीनों का तालमेल ही है सेहत का राज
इसलिए, अगर आप अपनी हड्डियों को सचमुच मजबूत बनाना चाहते हैं, और साथ ही अपने हृदय स्वास्थ्य को भी सुरक्षित रखना चाहते हैं, तो आपको इन तीनों कैल्शियम, विटामिन डी3 और विटामिन के2 को एक साथ लेना चाहिए। ये तीनों एक टीम की तरह काम करते हैं-
- विटामिन डी: कैल्शियम को आंतों में एब्जॉर्ब करवाता है।
- विटामिन के2: एब्जॉर्ब हुए कैल्शियम को हड्डियों तक निर्देशित करता है और धमनियों में जमा होने से रोकता है।
- कैल्शियम: हड्डियों और दांतों का मुख्य घटक है।
ये कॉम्बिनेशन न सिर्फ आपकी हड्डियों को मजबूती देता है, बल्कि आपकी गट (आंतों) हेल्थ को अच्छा रखता और आपके इम्यून सिस्टम को भी मजबूत करता है।
यह जानकारी आपको कैल्शियम सप्लीमेंट्स लेने के सही तरीके को समझने में मदद करेगी। हालांकि, यह सिर्फ एक सुझाव है और सामान्य जानकारी के लिए है। हर व्यक्ति की जरूरतें अलग होती हैं। इसलिए, कोई भी सप्लीमेंट (चाहे वह कैल्शियम, विटामिन डी, या के2 हो) लेना शुरू करने से पहले, हमेशा अपने डॉक्टर या किसी योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ से जरूर सलाह लें। वे आपकी स्वास्थ्य स्थिति, उम्र, आहार और अन्य दवाओं को ध्यान में रखते हुए सही खुराक और सटीक सलाह दे पाएंगे। अपनी सेहत से जुड़ा कोई भी बड़ा फैसला बिना डॉक्टरी सलाह के न लें, वरना आपके लिए नुकसानदायक हो सकता है।
नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।