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Health Tips: समय से सोने की कोशिश करते हैं पर नींद नहीं आती, क्या करें?

Sat, 17 Jan 2026 02:48 PM IST
शिखर बरनवाल हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिखर बरनवाल Updated Sat, 17 Jan 2026 02:48 PM IST
सार

Unable To Sleep at Night :अक्सर ऐसा होता है कि बहुत से लोग बिस्तर पर सोने जाते हैं लेकिन बहुत देर बाद या नींद आती है, या घंटों नींद का इंतजार करते रह जाते हैं। यह एक ऐसी समस्या है जिससे लगभग सभी लोग कभी न कभी जरूर दो चार होते हैं। इसलिए आइए इस लेख में इसी परेशानी से बचने के उपाय के बारे में जानते हैं।

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Health Tips: Sleep Problem Causes Know What to Do for Better Sleep Cycle Achi Neend ke liye kya kare
नींद नहीं आना - फोटो : Adobe Stock

Sleep Problem Solutions: आज की भागदौड़ भरी जिंदगी में 'इंसोमनिया' यानी अनिद्रा एक गंभीर समस्या बन चुकी है। बहुत से लोग शिकायत करते हैं कि वे थकान के बावजूद जैसे ही बिस्तर पर लेटते हैं, उनकी आंखों से नींद गायब हो जाती है और दिमाग में विचारों का बवंडर शुरू हो जाता है। चिकित्सा विज्ञान के अनुसार, इसके पीछे 'स्लीप हाइजीन' की कमी और शरीर की सर्केडियन रिदम का असंतुलित होना प्रमुख कारण है। 



जब आप सोने की कोशिश करते हैं लेकिन नींद नहीं आती, तो आपका मस्तिष्क अक्सर 'हाइपर-अलर्ट' स्थिति में होता है, जो आमतौर पर तनाव या गैजेट्स से निकलने वाली ब्लू लाइट के कारण होता है। यह स्थिति न केवल अगले दिन की कार्यक्षमता को प्रभावित करती है, बल्कि लंबे समय में यह आपके मेटाबॉलिज्म, हृदय स्वास्थ्य और मानसिक स्थिति को भी बिगाड़ सकती है। 

अच्छी नींद लेना कोई विलासिता नहीं, बल्कि शरीर की मरम्मत के लिए एक अनिवार्य प्रक्रिया है। अगर आप भी घंटों करवटें बदलते रहते हैं, तो आपको अपनी आदतों में कुछ बुनियादी बदलाव करने की सख्त जरूरत है।

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नींद नहीं आना - फोटो : Adobe Stock

10-3-2-1 नियम
नींद के विशेषज्ञों ने '10-3-2-1' का एक बेहतरीन फॉर्मूला तैयार किया है जो मस्तिष्क को सोने के लिए तैयार करता है। इसके अनुसार, सोने से 10 घंटे पहले कैफीन (चाय-कॉफी) बंद कर दें, 3 घंटे पहले भोजन कर लें, 2 घंटे पहले काम से ब्रेक लें और 1 घंटा पहले मोबाइल/टीवी बंद कर दें। यह नियम शरीर में मेलाटोनिन हार्मोन के प्राकृतिक उत्पादन को बढ़ाने में मदद करता है।


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Health Tips: Sleep Problem Causes Know What to Do for Better Sleep Cycle Achi Neend ke liye kya kare
नींद - फोटो : Freepik.com

4-7-8 ब्रीदिंग तकनीक
जब विचार शांत न हो रहे हों, तो '4-7-8' श्वसन तकनीक का प्रयोग करें। इसमें 4 सेकंड तक नाक से सांस लें, 7 सेकंड तक उसे रोकें और 8 सेकंड तक धीरे-धीरे मुंह से बाहर निकालें। यह तकनीक आपके पैरासिम्पेथेटिक नर्वस सिस्टम को सक्रिय करती है, जिससे हृदय गति धीमी होती है और शरीर को संकेत मिलता है कि अब सोने का समय हो गया है। यह 'नेचुरल ट्रेंकुलाइजर' की तरह काम करता है।


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Health Tips: Sleep Problem Causes Know What to Do for Better Sleep Cycle Achi Neend ke liye kya kare
नींद नहीं आना - फोटो : Adobe Stock

बेडरूम को बनाएं 'स्लीप सैंक्चुअरी'
नींद न आने का एक बड़ा कारण आपके कमरे का वातावरण भी हो सकता है। सुनिश्चित करें कि आपका कमरा पूरी तरह अंधेरा, शांत और थोड़ा ठंडा (आदर्श तापमान हो)। अंधेरे में हमारा मस्तिष्क 'मेलाटोनिन' का स्राव अधिक करता है। यदि संभव हो, तो लैवेंडर जैसे एसेंशियल ऑयल का उपयोग करें, जिनकी खुशबू तंत्रिकाओं को शांत करने और गहरी नींद लाने में सहायक सिद्ध हुई है।

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नींद नहीं आने पर कुछ पढ़ने लिखने का काम करें - फोटो : Adobe Stock

जब नींद न आए, तो जबरदस्ती बिस्तर पर न रहें
डॉक्टरों की सलाह है कि यदि 20 मिनट तक बिस्तर पर लेटने के बाद भी नींद न आए, तो बिस्तर छोड़ दें। किसी दूसरी जगह जाकर हल्की रोशनी में कोई किताब पढ़ें या शांत संगीत सुनें और तभी वापस लौटें जब सच में नींद महसूस हो। जबरदस्ती सोने की कोशिश करने से दिमाग बिस्तर को 'तनाव' से जोड़ लेता है। आदतों में सुधार और आत्म-अनुशासन ही आपको दवाओं के बिना सुकून भरी नींद दिला सकता है।

नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।

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