अध्ययनों से पता चलता है कि हम जिस तरह के आहार का सेवन करते हैं, सेहत पर उसका सीधा असर पड़ता है। पिछले कुछ वर्षों में लोगों के बीच लो-कार्ब्स डाइट का चलन काफी तेजी से बढ़ता हुआ देखने को मिला है। लो-कार्ब्स डाइट का सेवन आहार में कार्बोहाइड्रेट की मात्रा को सीमित करने के लिए किया जाता है। इस तरह के आहार में लोग कार्बोहाइड्रेट की जगह प्रोटीन, स्वस्थ वसा और सब्जियों के सेवन को बढ़ा देते हैं। वजन कम करने से लेकर शरीर को कई अन्य तरीके से लाभ पहुंचाने तक के लिए इस तरह के आहार के सेवन को सेहत के लिए फायदेमंद माना जाता है।
आज का हेल्थ टिप्स: लो कार्ब्स के लिए कीजिए इन चीजों का सेवन, सेहत के लिए हैं इसके अनेकों फायदे
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लो कार्ब्स डाइट के फायदे
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक लो कार्ब्स डाइट का सेवन करने से आहार में कार्ब्स की मात्रा को नियंत्रित किया जा सकता है, यह शरीर के इंसुलिन के स्तर को कम करने में भी सहायक मानी जाती है। इंसुलिन का निम्न स्तर कार्डियोमेटाबोलिक फ़ंक्शन में सुधार करता है। यह आहार प्रोटीन और स्वस्थ वसा से भी भरपूर होता है, जो आपकी भूख को कम करता है जिससे वजन को भी नियंत्रित करने में लाभ मिल सकता है।
डाइट में शामिल करें प्रोटीन वाली चीजें
आहार विशेषज्ञों के मुताबिक इस तरह की डाइट में प्रोटीन के अधिक सेवन की तरफ ध्यान दिया जाता है, हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि आप बिल्कुल से ही कार्ब्स के सेवन को बंद कर दें। खीरे, ब्रोकली, फूलगोभी जैसी सब्जियों और अंडों में कार्ब्स की मात्रा कम और प्रोटीन की अधिकता होती है। इन चीजों को आहार में शामिल करके लाभ प्राप्त किया जा सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ इस तरह की डाइट का सेवन करने वाले लोगों को तली भुनी चीजों के सेवन से परहेज करने की सलाह देते हैं।
- ली मीट जैसे कि सिरोलिन, चिकन ब्रेस्ट।
- मछली और अंडे।
- हरी पत्तेदार सब्जियां।
- फूलगोभी और ब्रोकली।
- नट्स और सीड्स, अखरोट, मक्खन आदि।
- नारियल और जैतून का तेल।
- सेब, ब्लूबेरी और स्ट्रॉबेरी जैसे फल।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से प्राप्त जानकारियों आधार पर तैयार किया गया है।
अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।