दुनियाभर में कोरोना वायरस का प्रसार बहुत ही तेजी से हो रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि यह हवा के जरिये भी फैल रहा है। प्रतिष्ठित पत्रिका 'द लैंसेट' में प्रकाशित एक अध्ययन में बताया गया है कि हवा के जरिये कोरोना वायरस के फैलने की संभावना क्यों ज्यादा है। अध्ययन के दौरान यह देखा गया है कि कोरोना का प्रसार इनडोर यानी बंद कमरों की हवा में संक्रमण फैलने का खतरा अधिक है। हालांकि अगर घरों में वेंटिलेशन की अच्छी व्यवस्था है तो वहां संक्रमण का प्रसार कम हो सकता है। लैसेंट के अध्ययन पर मैरीलैंड स्कूल ऑफ मेडिसिन के डॉ. फहीम यूनुस का कहना है कि इससे घबराने की जरूरत नहीं है, हमें पता है कि कोविड बूंदों से लेकर हवा तक से फैलता है। उन्होंने इससे बचने के उपायों के बारे में भी ट्वीट के जरिये बताया है। आइए जानते हैं इसके बारे में...
विशेषज्ञ की सलाह: कोरोना वायरस से बचाव के लिए पहनें ऐसा मास्क, जानिए संक्रमण होने पर क्या करें?
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
क्या कहते हैं डॉ. फहीम यूनुस?
- डॉ. फहीम यूनुस कहते हैं कि हवा के जरिये कोरोना वायरस फैलने का यह मतलब नहीं है कि हवा ही संक्रमित है। इसका मतलब है कि वायरस हवा में बना रह सकता है और घरों के अंदर भी खतरा पैदा कर सकता है। उनका कहना है कि सुरक्षित शारीरिक दूरी (छह फीट की दूरी) का पालन करें तो पार्क और बीच अभी भी सबसे सुरक्षित हैं, जहां आप बिना मास्क के भी घूम सकते हैं।
कौन से मास्क का करें इस्तेमाल?
- चूंकि बीते साल कई विशेषज्ञों ने यह दावा किया था कि कपड़े का मास्क कोरोना से अच्छी तरह बचाव करता है, लेकिन अब इसपर डॉ. फहीम कहते हैं कि कोरोना से बचना है तो कपड़े के मास्क पहनना बंद कर दें और एन-95 मास्क पहनें। उन्होंने ट्वीट के माध्यम से सुझाव देते हुए कहा, 'दो N95 या KN95 मास्क खरीदें। एक मास्क का इस्तेमाल एक दिन करें और इस्तेमाल करने के बाद उसे पेपर बैग में रख दें और फिर दूसरे मास्क का इस्तेमाल करें। हर 24 घंटे पर ऐसे ही मास्क अदल-बदल कर पहनें। अगर इन मास्क को कोई नुकसान न पहुंचे तो हफ्तों तक इनका इस्तेमाल किया जा सकता है।'
Lancet study:
— Faheem Younus, MD (@FaheemYounus) April 17, 2021
“Airborne” does NOT mean outside air is contaminated. It means the virus may remain suspended in the air — typically in indoor settings —and pose a risk
Our parks and beaches are still the safest places to enjoy without a mask (provided 6 ft distance)
घर पर रहकर कैसे संक्रमण को हराएं?
- डॉ. फहीम का कहना है कि लोग कुछ चीजों का पालन करें तो घर पर ही रहकर वह संक्रमण को हरा सकते हैं। वह कहते हैं कि घर पर ही सही तरीके से रहने से 80-90 फीसदी लोग कोरोना से ठीक हो सकते हैं। इसके लिए संभव हो तो हर रोज अपने शरीर का तापमान, सांस की गति, पल्स और बीपी की जांच करें। अगर आपके ऑक्सीजन का लेवल 90 के नीचे जाता है, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। बुजुर्गों को ज्यादा सावधान रहने की जरूरत है, क्योंकि उन्हें कोरोना से संक्रमण का खतरा ज्यादा होता है।
संक्रमण होने पर क्या करें?
- ट्विटर के माध्यम से डॉ. फहीम ने पहले बताया था कि कोरोना का संक्रमण होने पर सबसे पहले खुद को 14 दिन के लिए सबसे अलग कर लें। इस दौरान अलग कमरे में ही रहें और अलग बाथरूम और खाने-पीने के लिए अलग बर्तन का इस्तेमाल करें। हालांकि अगर आपके पास एक ही कमरा है और परिवार के अन्य लोग भी रहते हैं तो बेहतर है कि आप बीच में किसी मोटे पर्दे की एक दीवार खड़ी करें और उसके पीछे ही रहें। इस दौरान अन्य लोगों को अपनी कोई भी चीज साझा न करें। इसके अलावा यह भी ध्यान रखें कि अगर बाथरूम भी एक ही है तो उसमें जाने से पहले मास्क जरूर पहनें और इस्तेमाल के बाद पूरे सतह को अच्छी तरह साफ करें, ताकि अन्य लोगों को संक्रमण का खतरा न हो।