कोरोना वायरस संक्रमण को लेकर देश और दुनिया में संक्रमण के मामले बढ़ते ही जा रहे हैं। भारत में भी कोरोना संक्रमण का आंकड़ा 20 लाख पार कर चुका है। राहत की बात यह है कि हर दिन बड़ी संख्या में लोग ठीक भी हो रहे हैं। कोरोना वायरस की प्रकृति, प्रभाव, प्रारूप से लेकर इसकी दवा और वैक्सीन तैयार करने को लेकर हजारों शोध हो चुके हैं और अभी भी हो रहे हैं। लेकिन कुछ सवाल और बातें ऐसी हैं, जो अबतक रहस्य बनी हुई हैं। कोरोना की सैकड़ों गुत्थियां सुलझा चुके शोधकर्ता और वैज्ञानिक इन सवालों का अबतक स्पष्ट जवाब नहीं ढूंढ पाए हैं। आइए जानते हैं विस्तार से।
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Coronavirus Mystery: कोरोना वायरस के बारे में वे पांच बातें जो अबतक बनी हुई हैं रहस्य
Fri, 14 Aug 2020 07:34 PM IST
निलेश कुमार
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: निलेश कुमार
Updated Fri, 14 Aug 2020 07:34 PM IST
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Coronavirus Mystery
- फोटो : Pixabay/Amar Ujala
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प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : Pixabay
Coronavirus Mystery 01: इंसानों में कहां से आया कोरोना वायरस?
- तमाम अध्ययनों, जांच और शोध के बावजूद यह सवाल अनुत्तरित है कि कोरोना वायरस आखिर आया कहां से। कई अध्ययनों के आधार पर अबतक यही माना जा रहा है कि यह चमगादड़ से आया। कारण कि कोरोना वायरस का ही एक प्रकार 'आरएटीजी 13' चमगादड़ से आया था। सार्स कोव 2 और आरएटीजी की जीनोम संरचना 96 फीसदी मिलती है। लेकिन कोरोना वायरस सीधे चमगादड़ से इंसानों में नहीं पहुंचा, बल्कि किसी अन्य जानवर के जरिए पहुंचा है। कभी पैंगोलिन तो कभी किसी अन्य जानवर का नाम सामने आता रहा है, लेकिन असल में चमगादड़ से इंसानों में वायरस का वाहक कौन है, यह अबतक रहस्य बना हुआ है।
Covid-19
- फोटो : social media
Coronavirus Mystery 02: संक्रमण का प्रभाव अलग-अलग क्यों?
- अबतक ये पूरी तरह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि कोरोना वायरस के खिलाफ मानव शरीर की प्रतिक्रिया अलग-अलग क्यों है। इसके संक्रमण का संबंध इम्यूनिटी से बताया जाता रहा है। बीमार और बुजुर्गों को छोड़ दिया जाए, तो भी लोगों पर इसके संक्रमण का अलग-अलग प्रभाव हो सकता है। यह स्पष्ट हो चुका है कि एक ही उम्र, समान शारीरिक क्षमता के दो लोगों को वायरस संक्रमित करे, तो उन पर इसका प्रभाव अलग-अलग होता है। ऐसा क्यों होता है, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है।
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immunity
- फोटो : Pixabay
Coronavirus Mystery 02: इम्यूनिटी कबतक बनी रहेगी?
- वैज्ञानिक इस बात का स्पष्ट पता नहीं लगा पाए हैं कि एक बार संक्रमित होने के बाद कोरोनो के खिलाफ प्रतिरोधक क्षमता कब तक बनी रहेगी। कोरोना परिवार के अन्य वायरसों के मामले में यह कुछ महीनों तक के लिए थी। वैज्ञानिक कोविड-19 संक्रमितों में पैदा हुई एंडीबॉडीज पर अध्ययन कर आज भी यह जानने की कोशिश में शोधरत हैं कि वे कितने समय तक बीमारी के खिलाफ प्रतिरक्षा प्रदान कर सकते हैं।
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मरीज (प्रतीकात्मक तस्वीर)
- फोटो : iStock
Coronavirus Mystery 04: अलग-अलग देशों में अलग प्रभाव क्यों?
- कोरोना वायरस के बारे में यह देखा गया है कि दुनिया के किसी हिस्से में यह ज्यादा खतरनाक या घातक है तो किसी हिस्से में यह कम घातक और जानलेवा है। वायरस में बदलावों को लेकर कई अध्ययन हो चुके हैं। ये अध्ययन जीनोम, स्ट्रेन और प्रकृति में छोटे बदलावों का संकेत तो करते हैं, लेकिन इन बदलावों से वायरस की कार्यप्रणाली और प्रभावशीलता कैसे बदल जा रही है और वह कैसे कम या ज्यादा घातक हो रहा है, इसका पता अबतक नहीं चल पाया है।