कोरोना वायरस के बढ़ते संक्रमण के बीच दुनियाभर के वैज्ञानिक इसकी दवा और वैक्सीन के लिए शोधरत हैं। इस बीच भारतीय बाजार में कोरोना संक्रमण के इलाज (Coronavirus treatment) के लिए पहली निश्चित दवा आ गई है। ग्लेनमार्क फार्मास्युटिकल्स कंपनी (Glenmark Pharmaceuticals) को कोविड-19 के लिए एंटीवायरल दवा फेविपिराविर(Favipiravir) बनाने और मार्केटिंग की अनुमति मिल गई है। कंपनी फैबिफ्लू (FabiFlu) नाम से यह दवा बनाएगी। कोरोना के शुरुआती मरीजों के इलाज के लिए एंटीवायरल दवा फेविपिराविर को फैबिफ्लू नाम से बनाया जा रहा है। यह दवा कोरोना महामारी से जंग में एक बड़ी उम्मीद बन कर उभरी है। आइए जानते हैं, इस दवा की डोज और कीमत समेत 10 महत्वपूर्ण बातें।
Coronavirus Drug: भारत में बन गई कोरोना की दवा, कीमत से लेकर खुराक तक, जानें इसके बारे में 10 बातें
1). दवा किनके लिए?
- कंपनी ने कहा है कि मामूली संक्रमण वाले ऐसे मरीजो के अलावा जो डायबिटीज या दिल की बीमारी से भी पीड़ित कोरोना मरीज हैं, उन्हें भी यह दवा दी जा सकती है। यह दवा टैबलेट के रूप में उपलब्ध है और इसलिए जब अस्पताल की व्यवस्था पर फिलहाल अतिरिक्त दबाव है तो ऐसे में यह बहुत ही सुविधाजनक है।
2). दवा की खुराक
3). दवा की कीमत
- ग्लेनमार्क फार्मास्युटिकल्स के मुताबिक, यह दवा 200 एमजी के टैबलेट में उपलब्ध होगी। इसके एक पत्ते में 34 टैबलेट होंगे, जिसकी कीमत 3,500 रुपये होगी। यानी एक टैबलेट की कीमत 103 रुपये होगी। यह एक प्रकार की एंटीवायरल दवा है।
4). दवा का उत्पादन
- दवा के उत्पादन के बारे में कंपनी ने कहा कि प्रति मरीज न्यूनतम दो पत्ते की जरूरत के हिसाब से पहले महीने में ही 82,500 मरीजों के लिए फैबिफ्लू वह उपलब्ध करा पाएगी। कंपनी ने कहा कि महामारी की स्थिति पर कंपनी की निगाह है और देश की स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र के हिसाब से कंपनी उत्पादन बढ़ाएगी।