तमिलनाडु के करूर में अभिनेता और तमिलगा वेत्री कझगम (टीवीके) पार्टी के अध्यक्ष विजय की रैली के दौरान भगदड़ में 39 लोगों की मौत हो गई, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं। कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। चश्मदीदों ने बताया कि भीड़ इतनी ज्यादा थी कि उसे थामना रोक पाना नामुमकिन हो गया था।
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अभिनेता विजय की रैली में भगदड़
- फोटो : एएनआई
एक चश्मदीद ने नंदा कुमार ने न्यूज एजेंसी 'एएनआई' को बताया, हम खुद वहां मौजूद थे। भीड़ को संभालना नामुमकिन था। विजय को दोपहर के आसपास पहुंचना था। लेकिन वह करीब छह घंटे की देरी से आए। लोगों की उम्मीदें उनसे जुड़ी थीं। कई लोग बच्चों के साथ आए थे। वे भूखे थे या थक चुके थे। सभी केवल अपने पसंदीदा अभिनेता को देखने के लिए आए थे। नंदा कुमार ने कहा कि सुरक्षा के इंतजाम जरूर किए गए थे। लेकिन जितनी तादाद में लोग पहुंचे, वह अनुमान से दस से पंद्रह गुना ज्यादा थी। यही हादसे की बड़ी वजह बनी।
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करूर विजय की रैली
- फोटो : एएनआई
एक अन्य चश्मदीद सुरिया ने बताया कि जैसे ही भगदड़ शुरू हुई, खड़े रहने की भी जगह नहीं बची। एंबुलेंस तक नहीं पहुंच सकी, जिससे बचाव कार्य में देरी हुई। नमक्कल की रहने वाली पी. शिवशंकरी ने बताया कि उन्होंने अपनी पड़ोसन को भीड़ में गिरते हुए देखा। उन्होंने कहा, हम मदद के लिए चिल्लाए, लेकिन कोई हिल भी नहीं पाया। लोग एक-दूसरे पर गिर रहे थे। हम सांस भी नहीं ले पा रहे थे। एक पिता अपनी 12 साल की बेटी को विजय को दिखाने लाए थे। उन्होंने रोते हुए कहा कि वह बेहोश हो गई थी। हमें लगा कि वह ठीक हो जाएगी। लेकिन जब हमने उसे फिर से देखा, तब तक बहुत देर हो चुकी थी।
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अभिनेता विजय की रैली
- फोटो : एएनआई
पूरी घटना क्या हुई
यह हादसा करूर-इरोड राजमार्ग के पास वेलुसामीपुरम में हुआ। विजय की 'वेलिचम वेलीयेरु' नाम से रैली थी। करीब आठ बजे जब विजय मंच पर आए, भीड़ बेकाबू हो गई और बैरिकेड तोड़ दिए गए। पुलिस ने करीब तीस हजार लोगों के लिए अनुमति दी थी। लेकिन रिपोर्ट के मुताबिक, वहां साठ हजार से अधिक लोग पहुंच गए थे।
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करूर भगदड़
- फोटो : पीटीआई
बहुत से लोग पैदल, ट्रैक्टरों और बसों से आसपास के जिलों से आए थे। जब भगदड़ मची, विजय भाषण दे रहे थे। जैसे ही पार्टी कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी कि कुछ लोग बेहोश हो रहे हैं, उन्होंने मंच से पानी की बोतलें फेंकीं, एक बच्चे के लापता होने की घोषणा की और पुलिस को मदद के लिए बुलाया। इसके बाद उन्होंने भाषण आधे में ही छोड़ दिया।