फैशन की दुनिया में रोज नए प्रयोग होते रहते हैं। जिसमें अधिकतर ट्रेंड बन जाते हैं, लेकिन इसी में कुछ ऐसे प्रयोग भी हो जाते हैं, जिसे देखकर एक बार तो आपके माथे पर सलवटे आ ही जाएगी। विश्वास नहीं होता है एक बार खुद ही देख लीजिए
ये है हेयर स्विमसूट... ब्रांड बीलव्ड शर्ट ने कुछ समय पहले ही हेयर बॉडी प्रिंट के साथ ऐसा स्विमसूट लांच किया। हालांकि इसकी काफी आलोचना भी हुई थी।
वैसे तो पिछले कई समय से बालों को कलर करवाने का ट्रेंड चल रहा था, लेकिन अब ये ट्रेंड भी चल चुका है। जी हां अभी तक लोग आर्म्स को क्लीन करने के लिए वैक्स जैसी चीजों के दर्द को बर्दाश्त कर रहे थे, लेकिन अब ट्रेंड चल चुका है रेनबो आर्म्स पिट्स का। अब तक तो आप ट्रेंड समझ ही गए होंगे, अगर नहीं तो आगे पैंट, जीन्स और बूट्स को देखकर ये कॉनसेप्ट क्लीयर हो जाएगा।
इस जीन्स तो पहनने का जोखिम आप और हम तो नहीं उठा सकते, लेकिन ये ट्रेंड में हैं और इसकी कीमत आपके होश उड़ाने के लिए काफी है। अमेरिका के एक ब्रांड ने कुछ समय पहले ही इसे लांच किया और इसकी कीमत रखी करीब 25 हजार रुपये। इतने रूपये में तो हमारे यहां बिल्कुल साफ सथुरी वो भी अच्छे ब्रांड की कई जीन्स आ जाएगी। चलिए इस ट्रेंड को तो फिर भी हमारे में से कुछ एक लोग फॉलो कर ही लेंगे, लेकिन अगले ट्रेंड को फॉलो करने की हिम्मत तो कोई नहीं कर सकता।
चेहरे पर अगर एक छोटा सा निशान भी दिख जाए तो हमारी रातों की नींद उड़ जाती है। अगले दिन से ही डॉक्टर्स, पार्लर हर जगह चक्कर लगने शुरू हो जाते हैं, लेकिन एक बार इस तस्वीर को ध्यान से देख लीजिए। इनके चेहरे पर जो ये काले निशान है वो इन दिनों स्टाइल स्टेटमेंट बना हुआ है, क्योंकि ये कोई नेचुरल नहीं बल्कि टैटू है, इसे फ्रेकल टैटू कहा जाता है। अगर आपके माथे पर अभी तक सलवटे नहीं पड़ी तो आगे वाली तस्वीर ये काम कर देगी। इसके साथ ही आपके मुंह से एक लाइन भी जरूर निकल सकती है और वो है ये क्या है यार...
कुछ समय आया। जी नहीं जीन्स को पेपर से कवर नहीं किया गया, बल्कि ये तो बूट्स है। जी हां वहीं बूट्स जो पहले एंकल लेंथ के थे, फिर कीन लेंथ, उसके बाद थाइ लेंथ के हुए और अब हो गए फुल लेंथ्स के...। वैसे इस फैशन को देखकर उस समय हर कोई हकका बक्का रह गया, जब केंडल जेन्नर ने इस बूट्स के बारे में जानकारी दी कि जिस तरह से जूते पैंट की जरूरत को पूरा करते हैं, उसी तरह ये बूट्स भी पूरी करेंगे, लेकिन यहां सवाल खड़ा होता है आखिर क्यों? ये सवाल सिर्फ इस तस्वीर को ही देखकर खड़ा नहीं होता, बल्कि अगली तस्वीर को देखकर भी खड़ा होता है।