प्रदेशभर में आज शुक्रवार को भी मौसम विज्ञान की ओर से भारी बारिश की आशंका जताई गई है। बारिश और मलबा आने से पहाड़ों पर सड़कों का बुरा हाल है। गुरुवार देर शाम से पागल नाले के पास बंद बदरीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग अब खोल दिया गया है। सभी वाहनों को हेलंग में रोका गया था, लेकिन अब आवाजाही शुरू कर दी गई है।
दूसरी तरफ ऋषिकेश गंगोत्री हाईवे चौथे दिन वाहनों की आवाजाही के लिए खुल गया है। नरेंद्रनगर की समीप बगड़धार में यातायात के लिए बंद था, जिसे सुचारू कर दिया गया है। बार-बार चट्टान से पत्थर गिरने और लगातार कोहरा छाने के कारण सीमा सड़क संगठन को हाईवे खोलने में कामयाबी नहीं मिल पा रही थी।
सड़क के दोनों ओर से मशीन कार्य कर रही थी। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी बृजेश भट्ट ने बताया कि अब हाईवे पर यातायात बहाल कर दिया गया है। ऋषिकेश गंगोत्री हाईवे पर आवाजाही शुरू होने से लोगों ने राहत की सांस ली।
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बदरीनाथ हाईवे
- फोटो : amar ujala
मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से देहरादून, पौड़ी, नैनीताल, चम्पावत, बागेश्वर और ऊधमसिंह नगर जिले के कई इलाकों में 25 अगस्त को भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है।
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बदरीनाथ हाईवे
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जबकि, प्रदेश के अन्य जिलों में भी गर्जना और बिजली चमकने के साथ बारिश की संभावना है। 27 अगस्त के बाद सभी जिलों में बारिश से राहत के आसार हैं।
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बदरीनाथ हाईवे
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मौसम विज्ञान केंद्र देहरादून के निदेशक बिक्रम सिंह का कहना है कि मानसून सीजन के दौरान अभी तक सामान्य तौर पर होने वाली 904.20 मिमी बारिश के सापेक्ष 1019 मिमी बारिश रिकाॅर्ड की गई है।
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बदरीनाथ हाईवे
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इस हिसाब से एक जून से 23 अगस्त तक 13 फीसदी अधिक बारिश हुई है। चूंकि सामान्य से 19 फीसदी अधिक तक बारिश को सामान्य की श्रेणी में लिया जाता है। इसलिए इसे सामान्य बारिश ही माना जाएगा।