उत्तराखंड में सुखरो रेल पुल का उद्घाटन और ट्रायल ट्रेन चलाने के बाद रेलवे बुधवार को नजीबाबाद-कोटद्वार रूट पर पैसेंजर ट्रेन चलाना ही भूल गया। ट्रेन की इंतजार में यात्री दिनभर भटकते रहे। लोगों ने इस संबंध में मुरादाबाद के मंडल प्रबंधक को पूछा, तो उन्होंने बताया कि बुधवार को नजीबाबाद से कोटद्वार के लिए कोई ट्रेन ही नहीं है।
तस्वीरों में देखें: जब ट्रेन चलाना ही भूल गया रेलवे विभाग, फिर क्या हुआ...
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हालांकि बाद में उन्होंने नजीबाबाद के रेल अधिकारियों को शाम की पैसेंजर ट्रेन संचालित करने के निर्देश दिए। डीआरएम ने बृहस्पतिवार से सभी पैसेंजर ट्रेन संचालित करने के निर्देश दिए हैं। मसूरी एक्सप्रेस के संचालन में अभी दो-तीन दिन का समय लग सकता है, लेकिन बृहस्पतिवार से गढ़वाल एक्सप्रेस शुरू हो जाएगी।
आठ माह छह दिन बाद गत मंगलवार को बड़े प्रयासों के बाद सुखरो रेल पुल का उद्घाटन हुआ। नवनिर्मित पुल पर ट्रेन का बाकायदा ट्रायल कर रेल सेवा बहाली के आदेश हो गए। नजीबाबाद से कोटद्वार के लिए एक जोड़ी पैसेंजर ट्रेन भी चली। बुधवार से पैसेंजर ट्रेन चलाने की घोषणा कर दी गई।
ट्रेन आने की इंतजार में कोटद्वार और नजीबाबाद में यात्री घंटों बैठे रहे, लेकिन ट्रेन नहीं आई। दरअसल, नजीबाबाद और कोटद्वार रूट पर ट्रेन चलाने के लिए नजीबाबाद के स्टेशन अधीक्षक और रेल अधिकारियों को मुरादाबाद मंडल कंट्रोल से आपरेशन विंग के आदेश चाहिए थे, जो बुधवार दिन तक नहीं मिल सके थे।
डीआरएम प्रमोद कुमार के हस्तक्षेप के बाद रेल अधिकारियों ने बुधवार शाम को सवा पांच बजे कोटद्वार के लिए पैसेंजर ट्रेन चलवाई, जो साढ़े छह बजे यात्रियों को लेकर नजीबाबाद के लिए रवाना हुई। नजीबाबाद के स्टेशन अधीक्षक अजीत सिंह ने बताया कि फिलहाल सुबह और शाम दो पैसेंजर ट्रेन चलाने के निर्देश मिले हैं। सुबह नौ बजे पहली पैसेंजर ट्रेन कोटद्वार के लिए रवाना होगी। इसके बाद शाम को सवा पांच बजे दूसरी पैसेंजर ट्रेन चलाने के आदेश मिले हैं। मसूरी एक्सप्रेस चलाने में अभी एक हफ्ता लग सकता है, लेकिन बृहस्पतिवार को गढ़वाल एक्सप्रेस 2.30 बजे आएगी और 3.10 पर दिल्ली के लिए रवाना होगी।