गर्भवती मां को क्या पता था कि उसकी एक जिद पूरे परिवार की खुशियों को छीन लेगी। चार दिन बाद दुनिया में नन्ही सी जान आनी थी, लेकिन इससे पहले ही एक हादसा परिवार के लिए ग्रहण बन गया। बहेड़ी बाईपास पर हुए भीषण हादसे में चार लोगों की मौत की खबर जैसे ही पुरानी मंडी स्थित वार्ड स्थित सन्नी के घर और ग्राम खमरिया स्थित उसकी ससुराल पहुंची तो परिजनों में कोहराम मच गया।
मोहल्ले में जिसे भी पता चला हर कोई सन्नी के घर पहुंच गया। जहां शिवानी मां बनने का सुख नहीं भोग पाई, वहीं उसकी भाभी सुमित्रा का दो माह पहले ही गर्भपात हो गया था और वह अपनी शादी की पहली सालगिरह भी नहीं मना पाई। परिजनों ने बताया कि सन्नी की शादी 18 अप्रैल 2017 खमरिया निवासी शिवानी से हुई थी। वर्तमान में शिवानी गर्भवती थी और दो-चार दिन में ही उसकी डिलीवरी होने वाली थी।
लिहाजा उसकी सास अनीता उसका पूरा ख्याल रख रही थी और एहतियातन उसे कहीं भी आने-जाने तक नहीं देती थी। इधर, शिवानी की रिश्तेदारी में बरेली में विवाह था। बहू शिवानी ने जब उस शादी में जाने की इच्छा जताई तो पहले तो अनीता ने उसे समझाते हुए नहीं जाने की सलाह दी, लेकिन शिवानी के कई बार कहने पर वह खुद भी शादी में चलने के लिए राजी हो गई। किसे पता था कि शिवानी की यही जिद हंसते-खेलते एक परिवार के लिए जिंदगी भर का दर्द बन जाएगी।
इधर, सूचना पर वार्ड सभासद सिमरनजीत कौर, पूर्व सभासद धनीराम समेत बड़ी संख्या में लोगों ने सन्नी के घर पहुंचकर शोक जताया। थोड़ी ही देर बाद परिजन, सन्नी के चाचा महेंद्र और कुछ परिचित बरेली के लिए रवाना हो गए। उधर, ग्राम पक्की खमरिया में शुभम उर्फ कालू पुत्र पप्पू के घर में भी यह दुखद समाचार पहुंचते ही मातम पसर गया। आसपड़ोस के लोग हादसे में ननद-भाभी (सुमित्रा और शिवानी) की मौत से स्तब्ध हैं।
जहां शिवानी की शादी 18 अप्रैल 2017 को हुई थी वहीं सुमित्रा की शादी 29 दिसंबर 2017 को सोनू के साथ हुई थी। बताया जाता है कि करीब दो माह पूर्व ही उसका गर्भपात हो गया था और 29 दिसंबर को उसकी शादी की सालगिरह भी थी लेकिन ननद-भाभी अपनी खुशियों को जीने से पहले ही काल के गाल में समा गईं।