हाल ही में गिरफ्तार हुए आईएसआई एजेंट के बारे में सुनकर उसके माता पिता सदमे में आ गए।
दरअसल, जिस बेटे को वे बड़े नाज से रखते थे उन्हें ये ही नहीं पता कि आईएसआई होता क्या है। जानकारी के मुताबिक, बेटे को पुलिस द्वारा घर से उठाए जाने के बाद हुई बदनामी ने बुजुर्ग दंपती को भी शर्मसार कर दिया है। तीन दिनों तक वह घर में ही बंद रहे। वो भी तब जब उन्हें इसके बारे में जानकारी ही नहीं थी।
बाद में जब पता लगा लगा कि, बेटे पर देशद्रोह का आरोप है तो वे सदमे में आ गए। हालांकि उनका दिल बेटे को देशद्रोही मानने को तैयार नहीं है। लेकिन वे किसी के भी सामने आने से कतरा रहे हैं। गराली से लगभग आठ किमी दूर किरोली में रहने वाले उसके बूढ़े पिता आन सिंह (75) और माता आनंदी (70) को जैसे ही पुत्र के गिरफ्तार होने की जानकारी मिली तो दोनों सदमे जैसी स्थिति में हैं।
यही नहीं रमेश की 90 वर्षीय दादी भी गिरफ्तारी की बात सुनने के बाद से बेसुध सी हैं। बता दें कि, पिथौरागढ़ के तहसील के गराली गांव निवासी रमेश सिंह कन्याल को तीन दिन पहले उत्तर प्रदेश एटीएस उसके डीडीहाट स्थित किराए के कमरे से उठा कर ले गई थी। उसके आइएसआइ एजेंट होने की पुष्टि हो गई।
वहीं रमेश सिंह कन्याल की पत्नी जानकी कन्याल ने पूरे प्रकरण के बाद अपने पति को बेगुनाह बताया है। उन्होंने पूरे मामले की उच्चस्तरीय निष्पक्ष जांच करने की राष्ट्रपति व प्रधानमंत्री से मांग की है। जबकि, उसने आईएसआई ने रमेश की मदद से ब्रिगेडियर के इस्लामाबाद स्थित घर के कंप्यूटर और लैपटॉप को स्पाईवेयर से हैक कर लिया था। इसकी पुष्टि भी हो चुकी है।