शासकीय और अशासकीय स्कूलों में नियुक्ति की मांग को लेकर आंदोलनरत बीपीएड, एमपीएड प्रशिक्षित बेरोजगारों ने बृहस्पतिवार को मुख्यमंत्री आवास कूच किया।
धरना स्थल पर भारी पुलिस बल तैनात होने के बावजूद प्रशिक्षित बेरोजगारों ने रैली निकालने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें धरनास्थल के पास ही रोक दिया।
प्रशिक्षित बेरोजगारों ने उत्तराखंड सरकार के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। इस बीच बेरोजगारों और पुलिस के बीच नोक झोक हुए मामला बढ़ता देख पुलिस ने बेरोजगारों को बस में भरकर सिद्धोवाला जेल भेज दिया। जहां पांच बजे रखकर उन्हें रिहा कर दिया गया।
परेड ग्राउंड स्थित धरनास्थल पर बीपीएड, एमपीएड बेरोजगार संगठन के बैनर तले प्राथमिक विद्यालय व प्रत्येक इंटर कॉलेजों में एनसीईआरटी की गाइडलाइन के सापेक्ष शारीरिक शिक्षक को अनिवार्य नियुक्ति की मांग को लेकर बीपीएड, एमपीएड प्रशिक्षित बेरोजगार गत 11 दिनों से धरने पर बैठे हैं।
संगठन के प्रदेश अध्यक्ष जगदीश चंद्र पांडे ने कहा कि सरकार की ओर से कोई सकारात्मक आश्वासन नहीं मिल रहा है जिसके चलते उन्हें सीएम आवास कूच करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। यदि सरकार शीघ्र ही मांगों पर अमल नहीं करेगी तो आंदोलन को उग्र रूप दिया जाएगा। इस दौरान पर हंसा बिष्ट, हिमांशु राजपूत, जगदीश चंद्र, आलोक नैथानी, विजय राणा, अर्जुन आदि मौजूद रहे।