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इंसानों में ही नहीं पेड़-पौधों में भी होती है 'दुश्मनी', यकीन नहीं तो देखिए...

Tue, 30 Aug 2016 08:42 AM IST
रजा शास्त्री/ अमर उजाला, देहरादून
रजा शास्त्री/ अमर उजाला, देहरादून Updated Tue, 30 Aug 2016 08:42 AM IST
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animosity between trees and plants
animosity between trees and plants

अभी तक आपने इंसानों में दुश्मनी होने की बात सुनी होगी। लेकिन आज हम आपकों पेड़-पौधों की दुश्मनी के बारे में बता रहे हैं।

animosity between trees and plants

एक शताब्दी से अधिक समय के बाद उत्तराखंड और दूसरे हिमालयी क्षेत्रों में साल के पौधों और बीजों को पनपने नहीं दे रही ‘शत्रु’ वनस्पतियों की पहचान कर ली गई है।

animosity between trees and plants

इन वनस्पतियों में तीन विदेशी आक्रांता हैं और एक देसी। साल के जंगलों में जड़ जमाए इन वनस्पतियों के जहरीले रसायनों की वजह से साल की गुणवत्ता घट रही है। इन शत्रु वनस्पतियों की पहचान होने के बाद इन्हें साल के जंगलों से बेदखल करने की कार्ययोजना बनाई जा रही है।

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animosity between trees and plants

साल के वृक्ष वैसे तो पूरे देश में हैं, लेकिन हिमालयी क्षेत्र में साल के जंगलों की अधिकता से इनकी अहमियत अधिक है। साल से इमारती लकड़ी और रसायन निकाले जाते हैं।

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animosity between trees and plants

साल से व्यावसायिक गतिविधियां जुड़ी हैं। कई वर्षों से इस वृक्ष की गुणवत्ता और पैदाइश में आ रही कमी ने वन विज्ञानियों को परेशानी में डाल दिया था। साल को नुकसान किन कारणों से हो रहा है? वन विज्ञानी इसकी खोज उन्नीसवीं शताब्दी से कर रहे हैं।

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